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शिवालयों पर पहुंचे शिवभक्त, आज जलाभिषेक
Updated Mon, 24 Jul 2017 01:06 AM IST
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आज जलाभिषेक
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ज्ञानपुर। शिव आराधना का पवित्र महीना सावन के तीसरे सोमवार को जलाभिषेक के लिए रविवार शाम तक प्रमुख शिवालयों पर शिवभक्त कांवरिया पहुंचने लगे। सोमवार भोर से जलाभिषेक शुरू हो जाएगा। भीड़ के मद्देनजर प्रशासन की ओर से सेमराध, हरिहरनाथ, तिलेश्वरनाथ और बड़े शिव पर सुरक्षा का व्यापक इंतजाम किया गया है। पांच सोमवार का व्रत रखने वाल ी महिलाओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है।
सावन के शुरूआत से ही पूरा जिला शिवमय हो गया है। जगह-जगह चल रहे धार्मिक आयोजनों संग जीटी रोड पर कांवरिया शिविर में लोग बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। प्रयाग से जल लेकर विभिन्न शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए कांवरियों का जत्था पहुंचने लगा है। शाम को ठहरने के बाद सोमवार भोर से जलाभिषेक का दौर शुरू हो जाएगा। जीटी रोड पर प्रयाग से जल लेकर बड़ी संख्या में कांवरिया सेमराधनाथ, काशी विश्वनाथ जलाभिषेक करने के लिए गुजर रहे हैं। कांवरियो की संख्या अधिक होने से हाइवे पूरा केसरिया मय हो गया है। रविवार को गोपीगंज से बड़ी संख्या में महिला कांवरियो का जत्था गुजरा। यह देख लोग हर-हर महादेव का जयकारा लगाने लगे। पुलिस अधीक्षक सचींद्र पटेल ने कहा कि जिले के प्रमुख शिवधाम सेमराधनाथ, हरिहरनाथ, तिलेश्वरनाथ में कांवरियों और श्रद्धालुओं की भीड़ अधिक होने से सुरक्षा के व्यापक इंतजाम हुए हैं। पुरुष और महिला पुलिसकर्मियों के अलावा इलाके के थानाध्यक्ष निगरानी करेंगे। सादे वर्दी में भी पुलिस आसपास चक्रमण करते रहेंगे। डुहियां के पं. दीनानाथ शुक्ल ने बताया कि सावन महीने में गंगा या किसी पवित्र नदी में स्नान करने के बाद भगवान शिव का जलाभिषेक और रुद्राभिषेक करना श्रेयस्कर रहता है। बेलपत्र, मदार का फूल और भांग की पत्ती अर्पित करने से भूतभावन भगवान शिव प्रसन्न होते हैं और सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। सावन महीने में पांच सोमवार पड़ना दुर्लभ संयोग है।
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सावन के शुरूआत से ही पूरा जिला शिवमय हो गया है। जगह-जगह चल रहे धार्मिक आयोजनों संग जीटी रोड पर कांवरिया शिविर में लोग बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। प्रयाग से जल लेकर विभिन्न शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए कांवरियों का जत्था पहुंचने लगा है। शाम को ठहरने के बाद सोमवार भोर से जलाभिषेक का दौर शुरू हो जाएगा। जीटी रोड पर प्रयाग से जल लेकर बड़ी संख्या में कांवरिया सेमराधनाथ, काशी विश्वनाथ जलाभिषेक करने के लिए गुजर रहे हैं। कांवरियो की संख्या अधिक होने से हाइवे पूरा केसरिया मय हो गया है। रविवार को गोपीगंज से बड़ी संख्या में महिला कांवरियो का जत्था गुजरा। यह देख लोग हर-हर महादेव का जयकारा लगाने लगे। पुलिस अधीक्षक सचींद्र पटेल ने कहा कि जिले के प्रमुख शिवधाम सेमराधनाथ, हरिहरनाथ, तिलेश्वरनाथ में कांवरियों और श्रद्धालुओं की भीड़ अधिक होने से सुरक्षा के व्यापक इंतजाम हुए हैं। पुरुष और महिला पुलिसकर्मियों के अलावा इलाके के थानाध्यक्ष निगरानी करेंगे। सादे वर्दी में भी पुलिस आसपास चक्रमण करते रहेंगे। डुहियां के पं. दीनानाथ शुक्ल ने बताया कि सावन महीने में गंगा या किसी पवित्र नदी में स्नान करने के बाद भगवान शिव का जलाभिषेक और रुद्राभिषेक करना श्रेयस्कर रहता है। बेलपत्र, मदार का फूल और भांग की पत्ती अर्पित करने से भूतभावन भगवान शिव प्रसन्न होते हैं और सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। सावन महीने में पांच सोमवार पड़ना दुर्लभ संयोग है।
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