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गन्ना बकाया भुगतान में देरी, जांच शुरू
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गन्ना बकाया भुगतान में देरी, जांच शुरू
रुधौली। तहसील क्षेत्र के गन्ना किसानों का बकाया भुगतान में हुई देरी पर शासन की नजरें भी टेढ़ी हो गई हैं। क्षेत्रीय विधायक संजय प्रताप जायसवाल की ओर से विधानसभा सत्र के दौरान किसानों का गन्ना मूल्य के बकाया भुगतान को लेकर नियम 51 के तहत सवाल उठाए गए, जिसके जवाब में प्रदेश सरकार ने मिल प्रशासन के विशेष जांच एवं कार्रवाई का निर्देश दिया है।
उल्लेखनीय है कि तहसील क्षेत्र के अठदमा स्थित बजाज शुगर मिल के पास किसानों का करोड़ों बकाया रुपये अभी भी फंसा पड़ा है, इतना ही नहीं बकाया भुगतान को लेकर युवा किसान संगठन व गन्ना किसानों ने पहले भी एक सप्ताह तक धरना दिया था, जिस पर काफी प्रयास के बाद मिल प्रशासन ने 31 जनवरी तक संपूर्ण पुराना भुगतान निपटाए जाने के आश्वासन पर संगठन व किसानों ने धरना समाप्त किया था। लेकिन चीनी मिल ने किसानों का गन्ना भुगतान नहीं किया, जिसके बाद गत 16 फरवरी से फिर युवा किसान संगठन एवं गन्ना किसान धरने पर बैठे गए। गन्ना किसानों के साथ हो रही ज्यादती को देखते हुए रुधौली विधायक संजय प्रताप जायसवाल ने विधानसभा सत्र के दौरान गत 17 फरवरी को नियम 51 के तहत जिले के गोविंदनगर और अठदमा चीनी मिल पर शासन के गन्ना भुगतान के नियम एवं निर्देश के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए 14 दिनों के भीतर गन्ना भुगतान न किए जाने एवं शासन की ओर से निर्देशित ब्याज दर के साथ भुगतान न दिए जाने सहित अन्य बिंदुओं पर ध्यान आकर्षित करते हुए लगभग 25 करोड़ का पुराना भुगतान सहित नए गन्ने का संपूर्ण भुगतान बकाया होने पर सवाल लगाया गया था। जिस प्रशासन ने क्षेत्रीय विधायक प्रश्नों को स्वीकार करते हुए दोनों चीनी मिलों पर विशेष जांच एवं कार्रवाई के लिए निर्देश दिए हैं।
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रुधौली। तहसील क्षेत्र के गन्ना किसानों का बकाया भुगतान में हुई देरी पर शासन की नजरें भी टेढ़ी हो गई हैं। क्षेत्रीय विधायक संजय प्रताप जायसवाल की ओर से विधानसभा सत्र के दौरान किसानों का गन्ना मूल्य के बकाया भुगतान को लेकर नियम 51 के तहत सवाल उठाए गए, जिसके जवाब में प्रदेश सरकार ने मिल प्रशासन के विशेष जांच एवं कार्रवाई का निर्देश दिया है।
उल्लेखनीय है कि तहसील क्षेत्र के अठदमा स्थित बजाज शुगर मिल के पास किसानों का करोड़ों बकाया रुपये अभी भी फंसा पड़ा है, इतना ही नहीं बकाया भुगतान को लेकर युवा किसान संगठन व गन्ना किसानों ने पहले भी एक सप्ताह तक धरना दिया था, जिस पर काफी प्रयास के बाद मिल प्रशासन ने 31 जनवरी तक संपूर्ण पुराना भुगतान निपटाए जाने के आश्वासन पर संगठन व किसानों ने धरना समाप्त किया था। लेकिन चीनी मिल ने किसानों का गन्ना भुगतान नहीं किया, जिसके बाद गत 16 फरवरी से फिर युवा किसान संगठन एवं गन्ना किसान धरने पर बैठे गए। गन्ना किसानों के साथ हो रही ज्यादती को देखते हुए रुधौली विधायक संजय प्रताप जायसवाल ने विधानसभा सत्र के दौरान गत 17 फरवरी को नियम 51 के तहत जिले के गोविंदनगर और अठदमा चीनी मिल पर शासन के गन्ना भुगतान के नियम एवं निर्देश के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए 14 दिनों के भीतर गन्ना भुगतान न किए जाने एवं शासन की ओर से निर्देशित ब्याज दर के साथ भुगतान न दिए जाने सहित अन्य बिंदुओं पर ध्यान आकर्षित करते हुए लगभग 25 करोड़ का पुराना भुगतान सहित नए गन्ने का संपूर्ण भुगतान बकाया होने पर सवाल लगाया गया था। जिस प्रशासन ने क्षेत्रीय विधायक प्रश्नों को स्वीकार करते हुए दोनों चीनी मिलों पर विशेष जांच एवं कार्रवाई के लिए निर्देश दिए हैं।
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