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Basti News: अधिवक्ताओं ने प्रदेशव्यापी हड़ताल के लिए बार काउंसिल से मांगा समर्थन
Fri, 16 Feb 2024 01:36 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Fri, 16 Feb 2024 01:36 AM IST
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फोटो-
- बस्ती जिला प्रशासन के खिलाफ मुखर हुए संतकबीरनगर व सिद्धार्थनगर के अधिवक्ता
- बार काउंसिल के अध्यक्ष को पत्र और मेल भेजकर प्रकरण से कराया अवगत
- यंग बार की मांग, शिकायत समिति का गठन कर न्यायालयों के कामकाज की हो निगरानी
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। प्रशासन और अधिवक्ताओं के बीच चल रहे गतिरोध में बृहस्पतिवार को एक नया मोड़ आ गया है। सिविल बार एसोसिएशन ने बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष से प्रदेशव्यापी आंदोलन के लिए समर्थन मांगा है। वहीं संतकबीरनगर व सिद्धार्थनगर के अधिवक्ताओं ने भी बस्ती जिला प्रशासन के विरुद्ध हड़ताल शुरू कर दी है।
सिविल बार के महामंत्री दयाशंकर दुबे ने बताया कि प्रशासन की मनमानी से बार काउंसिल को अवगत करा दिया गया है। बार काउंसिल के अध्यक्ष को मेल और पत्र भेजकर प्रदेशव्यापी हड़ताल में सहयोग की मांग की गई है। शुक्रवार को दोबारा अधिवक्ताओं की बैठक में आगे की रणनीति पर निर्णय लिया जाएगा।
वहीं द यंगबार एसोसिएशन की बैठक बृहस्पतिवार को बार सभागार में सामान्य सभा की बैठक हुई। यंग बार अध्यक्ष शेषनाथ पाठक ने बताया कि अधिवक्ता संगठन शिकायत समिति (ग्रिवांश कमेटी) बनाने की मांग कर रहे हैं। कहा कि यह कमेटी न्यायालयों द्वारा की जा रही कार्रवाई की निगरानी कर अधिवक्ताओं के समक्ष रखे।
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कहा कि वादकारियों का हित प्रभावित हो रहा है। कथित तौर पर 700 वादकारियों द्वारा मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र की जानकारी प्रशासन ने सार्वजनिक की है। इससे पता चलता है कि वादों के निस्तारण में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी है। प्रशासन अधिवक्ताओं के कार्य बहिष्कार से बौखला गया है। अधिकारी अपने बचाव में तमाम अनैतिक कार्य करने पर उतारू हो गए हैं। कहा कि सिविल बार के महामंत्री दयाशंकर दुबे और जनपद बार महामंत्री रविशंकर शुक्ल के ऊपर दबाव बनाने के लिए प्रशासन दोनों के पीछे पुलिस व एलआईयू को लगा रखा है। इससे अधिवक्ता डरने वाले नहीं है। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि 16 फरवरी तक न्यायिक कार्यों में सहयोग नहीं करेंगे। इस दौरान रक्षाराम शुक्ल, जवाहर लाल मिश्र, राघवेंद्र प्रताप, रामचंद्र, राम कृष्ण मिश्र, जोखू प्रसाद यादव, अरविंद कुमार आर्य, विनोद कुमार भट्ट आदि मौजूद रहे।
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- बस्ती जिला प्रशासन के खिलाफ मुखर हुए संतकबीरनगर व सिद्धार्थनगर के अधिवक्ता
- बार काउंसिल के अध्यक्ष को पत्र और मेल भेजकर प्रकरण से कराया अवगत
- यंग बार की मांग, शिकायत समिति का गठन कर न्यायालयों के कामकाज की हो निगरानी
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। प्रशासन और अधिवक्ताओं के बीच चल रहे गतिरोध में बृहस्पतिवार को एक नया मोड़ आ गया है। सिविल बार एसोसिएशन ने बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष से प्रदेशव्यापी आंदोलन के लिए समर्थन मांगा है। वहीं संतकबीरनगर व सिद्धार्थनगर के अधिवक्ताओं ने भी बस्ती जिला प्रशासन के विरुद्ध हड़ताल शुरू कर दी है।
सिविल बार के महामंत्री दयाशंकर दुबे ने बताया कि प्रशासन की मनमानी से बार काउंसिल को अवगत करा दिया गया है। बार काउंसिल के अध्यक्ष को मेल और पत्र भेजकर प्रदेशव्यापी हड़ताल में सहयोग की मांग की गई है। शुक्रवार को दोबारा अधिवक्ताओं की बैठक में आगे की रणनीति पर निर्णय लिया जाएगा।
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वहीं द यंगबार एसोसिएशन की बैठक बृहस्पतिवार को बार सभागार में सामान्य सभा की बैठक हुई। यंग बार अध्यक्ष शेषनाथ पाठक ने बताया कि अधिवक्ता संगठन शिकायत समिति (ग्रिवांश कमेटी) बनाने की मांग कर रहे हैं। कहा कि यह कमेटी न्यायालयों द्वारा की जा रही कार्रवाई की निगरानी कर अधिवक्ताओं के समक्ष रखे।
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कहा कि वादकारियों का हित प्रभावित हो रहा है। कथित तौर पर 700 वादकारियों द्वारा मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र की जानकारी प्रशासन ने सार्वजनिक की है। इससे पता चलता है कि वादों के निस्तारण में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी है। प्रशासन अधिवक्ताओं के कार्य बहिष्कार से बौखला गया है। अधिकारी अपने बचाव में तमाम अनैतिक कार्य करने पर उतारू हो गए हैं। कहा कि सिविल बार के महामंत्री दयाशंकर दुबे और जनपद बार महामंत्री रविशंकर शुक्ल के ऊपर दबाव बनाने के लिए प्रशासन दोनों के पीछे पुलिस व एलआईयू को लगा रखा है। इससे अधिवक्ता डरने वाले नहीं है। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि 16 फरवरी तक न्यायिक कार्यों में सहयोग नहीं करेंगे। इस दौरान रक्षाराम शुक्ल, जवाहर लाल मिश्र, राघवेंद्र प्रताप, रामचंद्र, राम कृष्ण मिश्र, जोखू प्रसाद यादव, अरविंद कुमार आर्य, विनोद कुमार भट्ट आदि मौजूद रहे।