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Basti News: लंगूर ने बेहिल के प्रधान पर किया हमला

Fri, 25 Oct 2024 01:05 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती Updated Fri, 25 Oct 2024 01:05 AM IST
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Langur attacked the head of Behil
संवाद न्यूज एजेंसी महादेवा/ नगर बाजार (बस्ती)। मुंडेरवा क्षेत्र के पांच किमी के दायरे के 50 गांवों में आतंक का पर्याय बने लंगूर का हमला लगातार जारी है। बृहस्पतिवार को उसने बेहिल गांव के प्रधान राधेश्याम सहित दो लोगों पर हमला कर दिया।
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प्रधान की अंगुली लंगूर चबा गया। इसके बाद गांव के लोगों में खलबली मच गई। गांव के लोगों ने पहले डीएफओ से संपर्क किया। वहां से ग्राम प्रधान और ब्लाॅक के ऊपर टाल दिया गया।
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वन विभाग की तरफ से बंदर पकड़ने वाले प्राइवेट लोगों को नंबर दिया। उससे बात करने पर वह बंदर पकड़ने के लिए 11 हजार रुपये मांग करने लगा। घायल ग्राम प्रधान ने बताया कि उसे बुलाने के लिए गांव के लोग चंदा इकट्ठा कर रहे हैं, ताकि इस विपदा से छुटकारा मिल सके।
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उधर, नगर थाना क्षेत्र के ग्राम खडौआ जाट में बंदरों के आतंक से लोगों में दहशत व्याप्त है। खडौआ जाट के ग्राम प्रधान धर्मेंद्र ने बताया कि एक सप्ताह में बंदर गांव के 15 लोगों को काटकर घायल कर चुके हैं।
इसमें रामजीत चौधरी, नूर मोहम्मद, शिवांश चौधरी, दिनेश चौधरी, लक्ष्मी चौधरी, रंगम चौधरी, सुशीला चौधरी, धर्मेंद्र कुमार, नीलम चौधरी, राजू, मीरा देवी आदि लोग शामिल हैं।
अब तक वन विभाग का कोई कर्मचारी बंदरों को पकड़ने का प्रयास करते नहीं दिखा। इससे ग्रामीणों में वन विभाग के प्रति रोष व्याप्त है। ग्रामीणों ने बताया कि बंदरों के झुंड ने गांव में आतंक पैदा कर दिया है।
लोगों का जीना दुश्वार हो गया है। बंदर मवेशी, बच्चों व बुजुर्गों पर हमला कर रहे हैं। किसान अपने खेतों में काम नहीं करने पा रहे हैं तो बच्चों का स्कूल जाना दूभर हो गया है। राहगीरों का रास्ता चलना भी दुश्वार है। किसी तरह से चोरी छिपे लोग आ जा रहे हैं।
एक-दूसरे पर टाल रहे जिम्मा : बंदरों से निजात दिलाने का जिसे जिम्मा सौंपा गया है, उन्हें इसकी चिंता ही नहीं है। जबकि अधिशासी अधिकारी नगर पालिका व नगर पंचायत के साथ ही ग्राम प्रधान को शासन स्तर से इनसे निजात दिलाने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। पीड़ित लोगों के आईजीआरएस पर शिकायत के बाद 9 जनवरी 2023 को यह व्यवस्था लागू की गई थी। बावजूद इसके शहरी क्षेत्रों में न तो ईओ कोई पहल कर रहे हैं और न तो गांवों में प्रधान दिलचस्पी ले रहे हैं।

डीएफओ जेपी सिंह ने बताया कि मुख्यालय के निर्देशानुसार शिकायतकर्ताओं को अपने ग्राम पंचायतों व नगर निकायों में आवेदन करने के लिए सूचित किया जा रहा है। वहीं बृहस्पतिवार को बेहिल गांव के लोगों ने बीडीओ बीपी शुक्ल से बात किया तो वह ऐसे किसी निर्देश की जानकारी होने से इनकार कर दिया।
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