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Basti News: थरौली प्राथमिक विद्यालय में घुटने भर पानी
Sat, 06 Jul 2024 03:05 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Sat, 06 Jul 2024 03:05 AM IST
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प्राथमिक विद्यालय थरौली परिसर में भरा बारिश का पानी।
कायाकल्प योजना भी परिषदीय विद्यालय की दशा सुधार में नहीं हो पा रही सहायक
संवाद न्यूज एजेंसी
बनकटी। पांच दिनों से हो रहीरुक-रुककर बारिश से चारों ओर पानी भरा गया है। इससे प्राथमिक विद्यालय थरौली परिसर भी अछूता नहीं है। विद्यालय परिसर में पानी भरने से बच्चों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
कायाकल्प योजना के तहत परिषद विद्यालयों में आधुनिक सुविधाएं विकसित की जानी है। अधिकतर विद्यालयों में चहरदीवारी, रंगाई, टाइल्स और शौचालय के अलावा अन्य कोई कार्य नहीं दिखता जो इसे आधुनिक सुविधाओं की पंक्ति में खड़ा कर सके। शासन की मंशा है कि परिषदीय विद्यालयों को निजी विद्यालय की तरह सुविधाओं से लैस किया। मगर, अधिकारियों की शिथिलता के चलते मंशा परवान नहीं चढ़ पा रही है।
जिले के तमाम विद्यालय बारिश के पानी से जलमग्न हो गए हैं। उनमें से एक प्राथमिक विद्यालय थरौली है। इस विद्यालय तक आने-जाने के लिए मार्ग की सुविधा नहीं है। पगडंडी के सहारे बच्चे और शिक्षक विद्यालय आते-जाते हैं। प्रधानाध्यापक अंकिता सिंह ने कहा कि बारिश का पानी निकलने का इंतजाम नहीं है। शुक्रवार को विद्यालय पहुंचे शिक्षक व बच्चे घुटने तक पानी भरा हुआ देखकर सहम गए। बीडीओ भवानी प्रसाद शुक्ल ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। यदि ब्लॉक स्तर पर समस्या निस्तारित हो सकती है तो तुरंत कराई जाएगी। अन्यथा उच्चाधिकारियों से पत्राचार कर मार्गदर्शन प्राप्त किया जाएगा।
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बनकटी। पांच दिनों से हो रहीरुक-रुककर बारिश से चारों ओर पानी भरा गया है। इससे प्राथमिक विद्यालय थरौली परिसर भी अछूता नहीं है। विद्यालय परिसर में पानी भरने से बच्चों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
कायाकल्प योजना के तहत परिषद विद्यालयों में आधुनिक सुविधाएं विकसित की जानी है। अधिकतर विद्यालयों में चहरदीवारी, रंगाई, टाइल्स और शौचालय के अलावा अन्य कोई कार्य नहीं दिखता जो इसे आधुनिक सुविधाओं की पंक्ति में खड़ा कर सके। शासन की मंशा है कि परिषदीय विद्यालयों को निजी विद्यालय की तरह सुविधाओं से लैस किया। मगर, अधिकारियों की शिथिलता के चलते मंशा परवान नहीं चढ़ पा रही है।
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जिले के तमाम विद्यालय बारिश के पानी से जलमग्न हो गए हैं। उनमें से एक प्राथमिक विद्यालय थरौली है। इस विद्यालय तक आने-जाने के लिए मार्ग की सुविधा नहीं है। पगडंडी के सहारे बच्चे और शिक्षक विद्यालय आते-जाते हैं। प्रधानाध्यापक अंकिता सिंह ने कहा कि बारिश का पानी निकलने का इंतजाम नहीं है। शुक्रवार को विद्यालय पहुंचे शिक्षक व बच्चे घुटने तक पानी भरा हुआ देखकर सहम गए। बीडीओ भवानी प्रसाद शुक्ल ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। यदि ब्लॉक स्तर पर समस्या निस्तारित हो सकती है तो तुरंत कराई जाएगी। अन्यथा उच्चाधिकारियों से पत्राचार कर मार्गदर्शन प्राप्त किया जाएगा।
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