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Basti News: सरकारी रिकाॅर्ड में पर्याप्त यूरिया उपलब्ध...मारे-मारे फिर रहे किसान

Tue, 16 Dec 2025 01:59 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 16 Dec 2025 01:59 AM IST
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Government records show sufficient urea available...farmers are running amok
भानपुर क्षेत्र में सूनी पड़ी मोहम्मदपुर समिति।
बस्ती। खाद वितरण व्यवस्था की कमान संभालने वाला सहकारिता और कृषि विभाग सिर्फ आंकड़ों की दुहाई दे रहा है। वहीं समितियों और निजी क्षेत्र की दुकानों पर किसानों को कई बार चक्कर लगाने के बाद भी यूरिया खाद नहीं मिल पा रही है। अभिलेखों में नौ हजार एमटी यूरिया की उपलब्धता बताई जा रही है। लेकिन, ज्यादातर समितियों पर खाद नहीं होने की जानकारी दी जा रही है।
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सोमवार को जिले की विभिन्न समितियों पर खाद नहीं मिलने से किसानों को निराश लौटना पड़ा। जानकारों का कहना है कि यूरिया खाद की कालाबाजारी अभी भी थमी नहीं है। किसानों को पता भी नहीं है और उनके नाम पीओएस मशीन मानक से अधिक खाद निर्गत हो रही है। यह खाद कालाबाजारियों के पास पहुंच रही है। जिसे अधिक मूल्य पर सुदूरवर्ती गांवों में बेचा जा रहा है।
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समितियों पर किसान लगा रहे चक्कर, नहीं मिल रही खाद : बनकटी। साधन सहकारी समिति चित्राखोर गंगौरी, सजनाखोर अमाना बाद टिकरिया सहित आधा दर्जन समितियों को छोड़कर खोरिया बसौढ़ी, महथा सजहरा, मुंडरेवा, पगार आदि समितियों पर यूरिया नहीं उपलब्ध है। किसान समितियों का चक्कर लगाकर लौट रहे हैं। क्षेत्र के बबलू दुबे, अजय शुक्ला, वशिष्ठ मिश्रा, शरद कुमार ने बताया कि गेहूं कि सिंचाई किए चार दिन हो गया। यूरिया नहीं मिली। खेत में नमी सूख रही है। विवश होकर प्राइवेट लोगों से 450 रुपये में खाद लेनी पड़ रही है। समिति पर नहीं मिली किसानों को खाद : मुंडेरवा। गन्ना विकास सहकारी समिति मुंडेरवा पर खाद न पहुंचने के कारण किसान परेशान है। किसान लवकुश, शोभा राम, सजय, पिंटू चौधरी, किशन लाल, अरविंद, मोनू आदि ने बताया कि समिति पर खाद समय से नहीं पहुंच रही है। प्राइवेट लोगों से महंगे दर पर खाद खरीदना पड़ रहा है। जब डीएपी की जरूरत थी तब समिति वह भी नहीं मिल रही थी। अब यूरिया की जरूरत है तो वह भी खत्म बताई जा रही है।
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