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Basti News: चार माह बाद भी पुलिस की पकड़ से दूर है अमृत अस्पताल का संचालक

Fri, 21 Aug 2026 01:19 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 21 Aug 2026 01:19 AM IST
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Even after four months, the operator of Amrit Hospital is still out of police reach.
बस्ती। मुंडेरवा स्थित अमृत अस्पताल में महिला की मौत मामले में आरोपी अस्पताल संचालक चार माह बाद भी पुलिस की पकड़ से दूर है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग की ओर से अस्पताल सील करके मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है। नतीजतन आगे की जांच अब दो विभागों में उलझ गई और अस्पताल पर ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी।
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क्षेत्र के लोहदर निवासी अनिल कुमार चौधरी 14 मई को पत्नी को खुजली की शिकायत पर अमृत अस्पताल लेकर गए थे। आरोप है कि अस्पताल में बिना समुचित जांच के महिला को लगातार तीन इंजेक्शन लगाए गए। इसके बाद उनकी मौत हो गई। अनिल की तहरीर पर पुलिस ने अस्पताल संचालक व अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी।
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अस्पताल के दो कर्मियों को गिरफ्तार किया गया लेकिन संचालक अब तक लापता है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल सील कर दिया था। अब अस्पताल की चाबी पुलिस के पास होने की बात कही जा रही है। वहीं, अधिकारियों ने अस्पताल पर जुर्माना लगाने का दावा किया था, जिसकी कार्रवाई भी पूरी नहीं हो सकी है।
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यहां तक कि पुलिस और स्वास्थ्य विभाग संचालक और पंजीकृत चिकित्सक का बयान तक नहीं दर्ज कर सका है। ऐसे में अब मामले की जांच लटकती जा रही है। स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि अस्पताल सील होने के कारण वहां के अभिलेख जांच टीम को नहीं मिल सके हैं।
इनसेट
30 अप्रैल को ही समाप्त हो गया था पंजीकरण
जांच में पता चला कि अमृत अस्पताल का पंजीकरण 30 अप्रैल को समाप्त हो चुका था। इसके बाद भी स्वास्थ्य विभाग के रहमोकरम पर अस्पताल धड़ल्ले से चल रहा था। इसके पंजीकरण या नवीनीकरण के लिए अस्पताल संचालने आवेदन तक नहीं किया था।
इनसेट
आठ अन्य अस्पतालों पर भी कार्रवाई शून्य
शहर समेत आसपास स्थित निजी अस्पतालों में भी लापरवाही से गई मरीजों की जान के मामले में अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इससे पीड़ितों की न्याय पाने की उम्मीद टूट रही है। पचेड़िया रोड, बरदहिया स्थित एक अवैध अस्पताल, कटरा, स्टेशन रोड, मरवटिया सीएचसी के पास बैजनाथपुर गांव, कैली रोड स्थित एक हॉस्पिटल आदि में हुई घटनाओं में अब तक कार्रवाई शून्य है।


वर्जन...
अमृत अस्पताल की जांच अंतिम चरण में है। जल्द ही कोई निर्णय लिया जाएगा। इसमें कैली अस्पताल के दो चिकित्सकों की सूची खंगाली जा रही है, जल्द ही मेडिकल कॉलेज प्रशासन को ब्योरा उपलब्ध कराया जाएगा।
डॉ. राजीव निगम, सीएमओ, बस्ती
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