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Basti News: दोना-पत्तल उद्योग लगाकर युवा खोल सकेंगे तरक्की की राह
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युवाओं को वितरण के लिए मंगवाई गई दोना-पत्तल बनाने वाली मशीन संवाद
बस्ती। बेरोजगार बैठे युवाओं के आर्थिक विकास में सरकार मददगार बन रही है। घर पर ही लघु उद्योग लगाकर विकास का रास्ता खोल सकें इसके लिए दोना-पत्तल मशीन और इलेक्ट्रानिक चाक का वितरण किया जाएगा। पात्र लाभार्थियों की सूची तैयार की गई है। इसके लिए उन्हें जल्द ही निशुल्क मशीन उपलब्ध करा दी जाएगी।
ग्रामोद्योग विभाग की ओर से युवाओं को रोजगार मुहैया कराने की कवायद तेजी से चल रही है। बताया गया कि जिला ग्रामोद्योग कार्यालय में ऑफलाइन आवेदन आए लाभार्थियों की सूची बनाई गई है। माटी कला बोर्ड योजना के तहत इस बार दोना-पत्तल मशीन का लक्ष्य 10 है, वहीं, कुम्हारी इलेक्ट्रानिक चाक का लक्ष्य 35 है। किट प्राप्त हो चुके हैं, जल्द ही वितरण किया जाना है। सरकार के बेरोजगारों को रोजगार मुहैया कराकर उनके हाथों को मजबूत बनाने की कवायद में तेजी आई है। इसमें छोटे उद्योग लगाकर युवा अच्छा लाभ प्राप्त कर सकें। इसके लिए उन्हें प्रोत्साहित किया जा रहा है।
इसके तहत दोना-पत्तल और चाक युवाओं को मुहैया कराई जाएगी। उस मशीन के मध्यम से वह घर बैठे उत्पादन करके बाजार में बेचकर मुनाफा कमा सकेंगे। मशीन निशुल्क है। बेरोजगार बिना किसी आर्थिक बोझ के रोजगार शुरू कर सके इसके लिए यह योजना शुरू की गई है। मशीन का आकार भी बड़ा नहीं होगा। इसके लिए उसे घर के किसी हिस्से में रखकर उद्योग चला सकते हैं।
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आवेदन के लिए यह जरूरी
आवेदन करने वाला किसी भी वर्ग का होगा सकता है। वह आर्थिक रूप से कमजोर हो। अगर वह साक्षर है तो उसका प्रमाण पत्र, राशन कार्ड की छाया प्रति, आधार कार्ड की छाया प्रति अनिवार्य है। इसके साथ ही ग्राम प्रधान से प्रमाणित एक प्रमाण पत्र लगाना होगा। जिसमें यह प्रमाणित किया गया हो की वह उस गांव का नागरिक है। आवेदन फार्म में यह अनिवार्य है।
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कंपनी के अधिकारी देंगे प्रशिक्षण
चयनित युवाओं को जो कंपनी मशीन दी है, उसी के द्वारा प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। मशीन चलाकर उन्हें बताया जाएगा कि उसे कैसे चलाया जाए। जिससे लाभार्थी आसानी से कार्य कर सके।
कोट
आर्थिक रूप से कमजोर बेरोजगार व्यक्ति को रोजगार मुहैया कराने के लिए निशुल्क 10 दोना-पत्तल और 35 इलेक्ट्रानिक चाक मशीन दी जाएगी। लाभार्थियों के चयन की प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है।
-एलबी सिंह, जिला ग्रामोद्योग अधिकारी, बस्ती।
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ग्रामोद्योग विभाग की ओर से युवाओं को रोजगार मुहैया कराने की कवायद तेजी से चल रही है। बताया गया कि जिला ग्रामोद्योग कार्यालय में ऑफलाइन आवेदन आए लाभार्थियों की सूची बनाई गई है। माटी कला बोर्ड योजना के तहत इस बार दोना-पत्तल मशीन का लक्ष्य 10 है, वहीं, कुम्हारी इलेक्ट्रानिक चाक का लक्ष्य 35 है। किट प्राप्त हो चुके हैं, जल्द ही वितरण किया जाना है। सरकार के बेरोजगारों को रोजगार मुहैया कराकर उनके हाथों को मजबूत बनाने की कवायद में तेजी आई है। इसमें छोटे उद्योग लगाकर युवा अच्छा लाभ प्राप्त कर सकें। इसके लिए उन्हें प्रोत्साहित किया जा रहा है।
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इसके तहत दोना-पत्तल और चाक युवाओं को मुहैया कराई जाएगी। उस मशीन के मध्यम से वह घर बैठे उत्पादन करके बाजार में बेचकर मुनाफा कमा सकेंगे। मशीन निशुल्क है। बेरोजगार बिना किसी आर्थिक बोझ के रोजगार शुरू कर सके इसके लिए यह योजना शुरू की गई है। मशीन का आकार भी बड़ा नहीं होगा। इसके लिए उसे घर के किसी हिस्से में रखकर उद्योग चला सकते हैं।
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आवेदन के लिए यह जरूरी
आवेदन करने वाला किसी भी वर्ग का होगा सकता है। वह आर्थिक रूप से कमजोर हो। अगर वह साक्षर है तो उसका प्रमाण पत्र, राशन कार्ड की छाया प्रति, आधार कार्ड की छाया प्रति अनिवार्य है। इसके साथ ही ग्राम प्रधान से प्रमाणित एक प्रमाण पत्र लगाना होगा। जिसमें यह प्रमाणित किया गया हो की वह उस गांव का नागरिक है। आवेदन फार्म में यह अनिवार्य है।
कंपनी के अधिकारी देंगे प्रशिक्षण
चयनित युवाओं को जो कंपनी मशीन दी है, उसी के द्वारा प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। मशीन चलाकर उन्हें बताया जाएगा कि उसे कैसे चलाया जाए। जिससे लाभार्थी आसानी से कार्य कर सके।
कोट
आर्थिक रूप से कमजोर बेरोजगार व्यक्ति को रोजगार मुहैया कराने के लिए निशुल्क 10 दोना-पत्तल और 35 इलेक्ट्रानिक चाक मशीन दी जाएगी। लाभार्थियों के चयन की प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है।
-एलबी सिंह, जिला ग्रामोद्योग अधिकारी, बस्ती।