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Basti News: 100 महिलाओं को मिलेगी हेल्थकेयर और नर्सिंग की ट्रेनिंग
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बस्ती। जीरो पॉवर्टी अभियान के तहत चिह्नित गरीब परिवारों की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए उन्हें हेल्थकेयर और नर्सिंग से जुड़े कार्यों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। पहले चरण में जिले की 100 महिलाओं का चयन किया गया है। हर्रैया क्षेत्र के गोठवा में इसके लिए प्रशिक्षण केंद्र तैयार किया गया है। यहां 15 अक्तूबर से प्रशिक्षण का पहला बैच शुरू होगा। तीन से चार महीने तक चलने वाले इस प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं के रहने और खाने की व्यवस्था भी केंद्र पर की जाएगी। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद योग्य महिलाओं को रोजगार दिलाने के लिए प्लेसमेंट की व्यवस्था की जाएगी।
जिला कौशल विकास मिशन डीपीएमयू प्रदीप मिश्रा ने बताया कि जीरो पॉवर्टी अभियान के पहले चरण में जिले में 27 हजार से अधिक परिवार चिह्नित किए गए हैं। इनमें से चयनित महिलाओं को उनके कौशल और रोजगार की संभावनाओं के अनुसार प्रशिक्षण देने की तैयारी की गई है। इसका उद्देश्य गरीब परिवारों की महिलाओं को रोजगार से जोड़कर उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।
प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित कार्यों के लिए जरूरी कौशल सिखाए जाएंगे। इससे वे हेल्थकेयर क्षेत्र में रोजगार के अवसर तलाश सकेंगी। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद योग्य अभ्यर्थियों के प्लेसमेंट में भी मदद की जाएगी। इसके अलावा, स्वरोजगार शुरू करने की इच्छुक महिलाओं को योजना के प्रावधानों के अनुसार ऋण उपलब्ध कराने की भी तैयारी है, ताकि वे अपना काम शुरू कर आय अर्जित कर सकें।
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स्वास्थ्य सेवाओं में भी मिलेगी भागीदारी
इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को केवल प्रशिक्षण देना ही नहीं, बल्कि उन्हें रोजगार से जोड़कर परिवार की आय बढ़ाने में भागीदार बनाना भी है। हेल्थकेयर क्षेत्र में प्रशिक्षण मिलने से महिलाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खुलने की उम्मीद है। इससे जीरो पॉवर्टी अभियान के तहत चिह्नित परिवारों को आर्थिक रूप से मजबूत करने में मदद मिल सकती है।
कोट::
हर्रैया के गोठवा में प्रशिक्षण केंद्र तैयार है। पहले चरण में चयनित 100 महिलाओं को स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण का पहला बैच 15 अक्तूबर से शुरू होगा। -गोविंद कुमार, नोडल अधिकारी, जिला कौशल विकास मिशन, बस्ती
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जिला कौशल विकास मिशन डीपीएमयू प्रदीप मिश्रा ने बताया कि जीरो पॉवर्टी अभियान के पहले चरण में जिले में 27 हजार से अधिक परिवार चिह्नित किए गए हैं। इनमें से चयनित महिलाओं को उनके कौशल और रोजगार की संभावनाओं के अनुसार प्रशिक्षण देने की तैयारी की गई है। इसका उद्देश्य गरीब परिवारों की महिलाओं को रोजगार से जोड़कर उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।
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प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित कार्यों के लिए जरूरी कौशल सिखाए जाएंगे। इससे वे हेल्थकेयर क्षेत्र में रोजगार के अवसर तलाश सकेंगी। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद योग्य अभ्यर्थियों के प्लेसमेंट में भी मदद की जाएगी। इसके अलावा, स्वरोजगार शुरू करने की इच्छुक महिलाओं को योजना के प्रावधानों के अनुसार ऋण उपलब्ध कराने की भी तैयारी है, ताकि वे अपना काम शुरू कर आय अर्जित कर सकें।
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स्वास्थ्य सेवाओं में भी मिलेगी भागीदारी
इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को केवल प्रशिक्षण देना ही नहीं, बल्कि उन्हें रोजगार से जोड़कर परिवार की आय बढ़ाने में भागीदार बनाना भी है। हेल्थकेयर क्षेत्र में प्रशिक्षण मिलने से महिलाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खुलने की उम्मीद है। इससे जीरो पॉवर्टी अभियान के तहत चिह्नित परिवारों को आर्थिक रूप से मजबूत करने में मदद मिल सकती है।
कोट::
हर्रैया के गोठवा में प्रशिक्षण केंद्र तैयार है। पहले चरण में चयनित 100 महिलाओं को स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण का पहला बैच 15 अक्तूबर से शुरू होगा। -गोविंद कुमार, नोडल अधिकारी, जिला कौशल विकास मिशन, बस्ती