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लहराया परचम, उर्स ए शराफती का आगाज
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शराफत मियां की दरगाह पर परचम कुशाई की रस्म अदा करते अल्हाज गाजी मियां।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
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पीरो मुर्शिद सकलैन मियां की सरपरस्ती में सादगी से अदा की गई परचम कुशाई की रस्म
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बरेली। हजरत शाह शराफत अली मियां का परचम लहरा उठा है। इसी के साथ उर्स ए शराफती का आगाज भी हो गया। बेहद सादगी भरे माहौल और चंद लोगों की मौजूदगी में परचम कुशाई की रस्म अदा की गई।
इस मौके पर खानकाह आलिया सकलैनिया शराफतिया के सज्जादानशीन पीरो मुर्शिद शाह मोहम्मद सकलैन मियां ने गाजी मियां को परचम सौंपा। उन्होंने दरगाह शरीफ पर परचम कुशाई की रस्म अदा की। इससे पहले सुबह खानकाह में कुरान ख्वानी हुई। इसके बाद दोपहर में साहिबे सज्जादा सकलैन मियां की सरपरस्ती में खानकाही मेहमानखाने में तकरीर और नातो मनकबत की महफिल सजी। इसमें अल्लामा प्रोफेसर महमूद उल हसन ने हजरत शाह शराफत अली मियां की रुहानी जिंदगी पर रोशनी डाली। इसके अलावा हाफिज आमिल सकलैनी, हसीब रौनक सकलैनी, मजहर सकलैनी, आफाक सकलैनी ने नातो मनकबत पेश की। आखिर में साहिबे सज्जादा ने फातेहा पढ़ी।
परचम कुशाई की रस्म में अल्हाज मुमताज मियां, मुंतखब मियां, अल्हाज गाजी मियां, हाजी सादकैन सकलैनी, हाफिज गुलाम गौस, इंतेखाब सकलैनी, मुंतसिब सकलैनी, गुलाम मुर्तजा सकलैनी, सलमान सकलैनी, आफताब आलम, हाफिज जाने आलम हाजी लतीफ सकलैनी आदि मौजूद रहे।
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इस मौके पर खानकाह आलिया सकलैनिया शराफतिया के सज्जादानशीन पीरो मुर्शिद शाह मोहम्मद सकलैन मियां ने गाजी मियां को परचम सौंपा। उन्होंने दरगाह शरीफ पर परचम कुशाई की रस्म अदा की। इससे पहले सुबह खानकाह में कुरान ख्वानी हुई। इसके बाद दोपहर में साहिबे सज्जादा सकलैन मियां की सरपरस्ती में खानकाही मेहमानखाने में तकरीर और नातो मनकबत की महफिल सजी। इसमें अल्लामा प्रोफेसर महमूद उल हसन ने हजरत शाह शराफत अली मियां की रुहानी जिंदगी पर रोशनी डाली। इसके अलावा हाफिज आमिल सकलैनी, हसीब रौनक सकलैनी, मजहर सकलैनी, आफाक सकलैनी ने नातो मनकबत पेश की। आखिर में साहिबे सज्जादा ने फातेहा पढ़ी।
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परचम कुशाई की रस्म में अल्हाज मुमताज मियां, मुंतखब मियां, अल्हाज गाजी मियां, हाजी सादकैन सकलैनी, हाफिज गुलाम गौस, इंतेखाब सकलैनी, मुंतसिब सकलैनी, गुलाम मुर्तजा सकलैनी, सलमान सकलैनी, आफताब आलम, हाफिज जाने आलम हाजी लतीफ सकलैनी आदि मौजूद रहे।
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