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आईवीआरआई अंडरपास में भरा पानी
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बरेली। आईवीआरआई ओवरब्रिज के बाद अब अंडरपास बनाने में भी रेलवे अफसरों की लापरवाही सामने आई है। ढाई करोड़ के इस प्रोजेेक्ट में ड्रेनेज सिस्टम की कोई प्लानिंग ही नहीं की गई है। ऐसे में बारिश का पानी अंडरपास में भर जाए तो उसे निकालना बहुत मुश्किल होता है। मंगलवार को बारिश से अंडरपास में पानी भर गया। इससे लोगों को तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
रेलवे अधिकारियों ने आईवीआरआई क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज प्रोजेक्ट को गंभीरता से नहीं लिया। करीब डेढ़ साल से इसका काम लटका है। लोगों को आईवीआरआई से नैनीताल रोड पर आने-जाने में परेशानी झेलनी पड़ रही है। कमिश्नर रणवीर प्रसाद ने पिछले साल रेलवे के अधिकारियों को बुलाकर कड़े निर्देश दिए थे कि पुल नहीं बना पा रहे हो तो अंडरपास ही बना दो। इसके बाद रेलवे ने करीब डेढ़ करोड़ से अंडरपास बनाने का ठेका निजी कंपनी को दे दिया। इस रकम से ट्रैफिक के एक तरफ आने और दूसरी ओर जाने के लिए 200-200 मीटर के दो अंडरपास बनाए गए हैं। अंडरपास में ड्रेनेज की कोई समुचित व्यवस्था नहीं की गई है। अंडरपास की अधिकतम गहराई चार मीटर है। उसके और नीचे ड्रेनेज बनाया गया है, जबकि रेलवे कॉलोनी में ड्रेनेज ढाई से तीन मीटर ही गहरा है। अंडरपास के ड्रेनेज को इससे कनेक्ट कर देने से उसमें पानी भरने की आशंका पहले ही जताई गई थी। ड्रेनेज सिस्टम सही न होने से मंगलवार को बारिश में रेलवे अस्पताल की ओर बने अंडरपास में पानी भर गया। लोगों का कहना है कि अभी तो बरसात की शुरूआत है। आने वाले समय में समस्या और बढ़ जाएगी।
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रेलवे अधिकारियों ने आईवीआरआई क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज प्रोजेक्ट को गंभीरता से नहीं लिया। करीब डेढ़ साल से इसका काम लटका है। लोगों को आईवीआरआई से नैनीताल रोड पर आने-जाने में परेशानी झेलनी पड़ रही है। कमिश्नर रणवीर प्रसाद ने पिछले साल रेलवे के अधिकारियों को बुलाकर कड़े निर्देश दिए थे कि पुल नहीं बना पा रहे हो तो अंडरपास ही बना दो। इसके बाद रेलवे ने करीब डेढ़ करोड़ से अंडरपास बनाने का ठेका निजी कंपनी को दे दिया। इस रकम से ट्रैफिक के एक तरफ आने और दूसरी ओर जाने के लिए 200-200 मीटर के दो अंडरपास बनाए गए हैं। अंडरपास में ड्रेनेज की कोई समुचित व्यवस्था नहीं की गई है। अंडरपास की अधिकतम गहराई चार मीटर है। उसके और नीचे ड्रेनेज बनाया गया है, जबकि रेलवे कॉलोनी में ड्रेनेज ढाई से तीन मीटर ही गहरा है। अंडरपास के ड्रेनेज को इससे कनेक्ट कर देने से उसमें पानी भरने की आशंका पहले ही जताई गई थी। ड्रेनेज सिस्टम सही न होने से मंगलवार को बारिश में रेलवे अस्पताल की ओर बने अंडरपास में पानी भर गया। लोगों का कहना है कि अभी तो बरसात की शुरूआत है। आने वाले समय में समस्या और बढ़ जाएगी।
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