नाथधाम टाउनशिप: सर्किल रेट से चार गुना अधिक दामों पर जमीन का अधिग्रहण करेगी बीडीए, 7000 आवासीय भूखंड होंगे
नई टाउनशिप के लिए अब तक हुए डिमांड सर्वे में 4500 आवेदन आए हैं। अभी आवेदन जारी है और जो लोग 29 फरवरी तक आवेदन करेंगे तो लाटरी पद्धति से उन्हें 21,000 रुपये प्रति वर्ग मीटर पर भूखंड मिलेंगे।
विस्तार
बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) की नई नाथधाम इंटीग्रेटेड टाउनशिप में 7000 से अधिक लोग अपने सपनों का आशियाना बना सकेंगे। ये नई टाउनशिप 600 एकड़ से अधिक क्षेत्रफल वाली होगी। इस टाउनशिप और ग्रेटर बरेली के विस्तार के लिए बीडीए बोर्ड बैठक में बृहस्पतिवार को जमीन खरीदने की मंजूरी दे दी गई। इसके लिए 827 करोड़ रुपये बजट स्वीकृत हुआ है। बीडीए नई टाउनशिप के लिए बरेली-बदायूं मार्ग पर वाहनपुर, अखा, भगवानपुर ठकुरान, रफियाबाद, अखा मुस्तकिल मजनूपुर गांव में सर्किल रेट से चार गुना अधिक दामों पर जमीन का अधिग्रहण करेगा।
मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल की अध्यक्षता में हुई बजट बैठक में नाथ धाम टाउनशिप में बस अड्डे के लिए भी जमीन देने का निर्णय किया गया। साथ ही तय हुआ कि अगर परिवहन विभाग नई टाउनशिप में जमीन नहीं खरीदता है तो पुराने बस अड्डे के बदले में जमीन देने के प्रस्ताव पर भी विचार किया जा सकता है। नई टाउनशिप के लिए अब तक हुए डिमांड सर्वे में 4500 आवेदन आए हैं। अभी आवेदन जारी है और जो लोग 29 फरवरी तक आवेदन करेंगे तो लाटरी पद्धति से उन्हें 21,000 रुपये प्रति वर्ग मीटर पर भूखंड मिलेंगे।
अभी 72, 112, 162 और 200 मीटर के भूखंडों के लिए आवेदन लिए जा रहे हैं। बैठक में नाथ धाम टाउनशिप के लिए डीपीआर तैयार कराने का निर्णय भी किया गया। किसानों से जल्द ही जमीनें खरीदने का काम भी शुरू होगा। बैठक में डीएम रविंद्र कुमार, बीडीए के उपाध्यक्ष ए मनिकंदन, सचिव योगेंद्र कुमार समेत कई अधिकारी शामिल हुए।
सड़कों के लिए 35 करोड़ का बजट मंजूर
बीडीए के सचिव योगेंद्र कुमार ने बताया कि शहर में सड़कों व लाइटों के लिए 35 करोड़ रुपये का प्रावधान बजट में किया गया है। आमदनी बढ़ने पर इसे 50 करोड़ से ज्यादा किया जाएगा। इस वर्ष अब तक 63 करोड़ रुपये बीडीए इस मद में खर्च कर चुका है।
पूर्व सैनिकों व दिव्यांगजनों को स्टांप शुल्क में मिलेगी छूट
भूतपूर्व सैनिकों व दिव्यांगजनों को आवासीय भूखंड का बैनामा कराए जाने पर स्टांप शुल्क की छूट दिए जाने का प्रस्ताव भी बोर्ड बैठक में पारित किया गया। इसके तहत बैनामे में महिला-पुरुष की हिस्सेदारी खोली जाएगी और महिलाओं को स्टांप शुल्क में मिलने वाली छूट का लाभ दिलाया जाएगा। अभी पत्नी की हिस्सेदारी न खुलने से पुरुष के हिसाब से बैनामा होता है और उसे अधिक स्टांप ड्यूटी देनी पड़ती है।
बीडीए शहर को विस्तार देगा और विकास को रफ्तार मिलेगी। इसके तहत 2024-25 के लिए 1435 करोड़ रुपये खर्च का बजट पारित किया गया है। बताया गया कि बीडीए ने 2023-24 में 1213 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया था। इसमें कुल 856 करोड़ रुपये की आमदनी का लक्ष्य था, लेकिन जनवरी तक लक्ष्य से अधिक 1100 करोड़ रुपये कमाए जा चुके हैं।
827 करोड़ नाथ थाम और ग्रेटर बरेली के लिए जमीन खरीदने पर।
150 करोड़ रुपये रामगंगा आवासीय योजना को विकसित करने पर।
200 करोड़ रुपये ग्रेटर बरेली में सड़कों और अवस्थापना सुविधाओं के लिए।
20 करोड़ रुपये स्काई-वे अपार्टमेंट क्षेत्र में विकास के लिए।
10 करोड़ रुपये नाथधाम टाउनशिप की डीपीआर और जरूरी कार्यों के लिए।
200 करोड़ रुपये रामगंगा आवासीय योजना में प्लाट बिक्री से।
250 करोड़ रुपये ग्रेटर बरेली आवासीय योजना में प्लाट बिक्री से।
50 करोड़ रामगंगा योजना में फ्री होल्ड से
1 करोड़ रुपये ट्रांसपोर्टनगर में आवंटन से
10 करोड़ रुपये स्काईवे अपार्टमेंट में आवास बिक्री से
30 करोड़ विकास शुल्क।
25 करोड़ कंपाउंडिंग से।
25 करोड़ स्टांप ड्यूटी
रामगंगा परियोजना विस्तार के लिए होगा आकलन
बरेली विकास प्राधिकरण की बजट बैठक में पार्षद राजेश अग्रवाल ने कहा कि शहर की कचहरी, रोडवेज बस अड्डे घनी आबादी के बीच हैं। इससे जाम लगता है। पुरानी रामगंगा परियोजना को विस्तार दिया जाए। कचहरी और सरकारी कार्यालयों के लिए जमीन दी जाए। साथ ही रामगंगा परियोजना को बरेली-सितारगंज और बरेली एयरपोर्ट के मार्ग से जोड़ा जाए। इससे शहर के विकास को विस्तार मिलेगा। मंडलायुक्त ने इस पर बीडीए के अधिकारियों को जरूरत का आकलन करने के निर्देश दिए।