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मेनका गांधी के दखल पर बची कौए के परिवार की जान
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कौए की जान बचाते पीएफए वाले।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
पेड़ पर फंसा था कौए का परिवार, एक मरा, बाकी को निगम ने किया रेस्क्यू
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बरेली। शहर के दुर्गानगर एरिया में एक पेड़ पर पिछले कई दिनों से फंसे कौए के परिवार को भाजपा सांसद और पूर्व मंत्री मेनका गांधी के दखल के बाद जीवनदान मिल गया। मेनका गांधी के निर्देश पर नगर निगम के प्रकाश विभाग की टीम ने क्रेन की मदद से पेड़ पर फंसे हुए कौए के परिवार को आजाद कराया। हालांकि रेस्क्यू शुरू होने से पहले ही एक कौए की मौत हो चुकी थी। कौए के परिवार के फंसे होने की वजह से इस पेड़ पर पिछले कई दिनों से कौए हर वक्त मंडराए रहते थे।
शहर के दुर्गानगर में एक पेड़ पर पिछले कई दिनों से कौए का परिवार फंसा था। फंसने पर कई और कौए यहां रोज आकर शोर मचाते थे। स्थानीय लोगों ने संदेह होने पर सांसद मेनका गांधी के संगठन पीएफए के पदाधिकारी धीरज पाठक को इसकी सूचना दी। मौके पर पहुंचे धीरज ने स्थिति देखकर नगर निगम के प्रकाश विभाग से रेस्क्यू करने के लिए क्रेन मांगी। प्रकाश विभाग के जिम्मेदारों ने हाथ खडे़ कर दिए। तब धीरज ने मेनका गांधी को कॉल कर पूरी बात बताई। मेनका की ओर से संदेश मिलने के बाद प्र्रकाश विभाग ने धीरज के साथ क्रेन भेजकर कौओं को रेस्क्यू कराया। जिसमें कौए के परिवार को सुरक्षित पेड़ से उतार लिया गया। हालांकि रेस्क्यू से पहले ही एक कौए की मौत हो चुकी थी लेकिन बाकी बचे कौओं को रेस्क्यू कर लिया गया।
शहर के दुर्गानगर में एक पेड़ पर पिछले कई दिनों से कौए का परिवार फंसा था। फंसने पर कई और कौए यहां रोज आकर शोर मचाते थे। स्थानीय लोगों ने संदेह होने पर सांसद मेनका गांधी के संगठन पीएफए के पदाधिकारी धीरज पाठक को इसकी सूचना दी। मौके पर पहुंचे धीरज ने स्थिति देखकर नगर निगम के प्रकाश विभाग से रेस्क्यू करने के लिए क्रेन मांगी। प्रकाश विभाग के जिम्मेदारों ने हाथ खडे़ कर दिए। तब धीरज ने मेनका गांधी को कॉल कर पूरी बात बताई। मेनका की ओर से संदेश मिलने के बाद प्र्रकाश विभाग ने धीरज के साथ क्रेन भेजकर कौओं को रेस्क्यू कराया। जिसमें कौए के परिवार को सुरक्षित पेड़ से उतार लिया गया। हालांकि रेस्क्यू से पहले ही एक कौए की मौत हो चुकी थी लेकिन बाकी बचे कौओं को रेस्क्यू कर लिया गया।
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