{"_id":"59dfd23d4f1c1b8d698b5787","slug":"sonpapadi-making-factory-seas","type":"story","status":"publish","title_hn":"सोनपापड़ी बनाने की फैक्ट्री सीज ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सोनपापड़ी बनाने की फैक्ट्री सीज
बरेली।
Updated Fri, 13 Oct 2017 02:06 AM IST
विज्ञापन
जांच करते अिध्ाधिकारी
विज्ञापन
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीम ने परातासपुर गांव में चल रही सोनपापड़ी बनाने की अवैध फैक्ट्री को सीज कर दिया। फैक्ट्री में 400 किलो तैयार मिठाई और 300 किलो सामग्री मिली। उसे भी टीम ने कब्जे में ले लिया और उसका नमूना जांच के लिए भेजा है। यहां गंदगी के बीच सोनपापड़ी तैयार की जा रही थी।
बृहस्पतिवार को अभिहित अधिकारी ममता कुमारी ने टीम के साथ परातासपुर गांव में रामनरेश की सोनपापड़ी बनाने की अवैध फैक्ट्री पर छापा मारा। जांच के दौरान पता चला कि यहां बेसन की जगह मेदा से सोनपापड़ी बनाई जा रही थी। पिस्ता का लुक देने के लिए शुगर को ग्रीन करके ऊपर से लगाया जा रहा था। फैक्ट्री में इस कदर गंदगी थी कि यहां की बनी मिठाई खाने का मतलब बीमार होना तय था। बिना लाइसेंस से रामनरेश मिठाई की फैक्ट्री चला रहा था।
बृहस्पतिवार को अभिहित अधिकारी ममता कुमारी ने टीम के साथ परातासपुर गांव में रामनरेश की सोनपापड़ी बनाने की अवैध फैक्ट्री पर छापा मारा। जांच के दौरान पता चला कि यहां बेसन की जगह मेदा से सोनपापड़ी बनाई जा रही थी। पिस्ता का लुक देने के लिए शुगर को ग्रीन करके ऊपर से लगाया जा रहा था। फैक्ट्री में इस कदर गंदगी थी कि यहां की बनी मिठाई खाने का मतलब बीमार होना तय था। बिना लाइसेंस से रामनरेश मिठाई की फैक्ट्री चला रहा था।
विज्ञापन