Mahashivratri: जलाभिषेक से पहले शिवभक्तों की परीक्षा लेंगे राह के गड्ढे, नाथ नगरी में ऐसा है सड़कों का हाल
नाथ नगरी के प्रमुख शिवालयों तक जाने वाली सड़कों की स्थिति बेहद खस्ताहाल है। जगह-जगह गड्ढे हैं, लेकिन अब तक गड्ढे नहीं भरे गए हैं। ऐसे में महाशिवरात्रि पर हजारों शिवभक्तों को इन्हीं गड्ढायुक्त सड़कों पर चलना पड़ेगा।
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शिव-शक्ति के मिलन का पर्व महाशिवरात्रि 18 मार्च को है। नाथ नगरी बरेली के शिवभक्त भी इस पर्व की प्रतीक्षा में हैं, लेकिन प्रशासन अभी तक सातों नाथ मंदिरों तक जाने वाली सड़कों को दुरुस्त नहीं करा सका है। भोले के जलाभिषेक से पहले सड़कों के गड्ढे भक्तों की परीक्षा लेंगे।
नंगे पांव घर से निकलने वाले शिवभक्तों को राह के रोड़ों से दो-चार होना पड़ेगा। जिन पर नंगे पैर गुजरने वाले भक्तों को कंकड़ों से जूझना पड़ सकता है। यह हाल तब है, जबकि बीडीए और पर्यटन विभाग नाथ मंदिरों को आपस में जोड़ने के लिए कॉरिडोर बनाने की प्लानिंग कर रहे हैं। अफसरों की लापरवाही का खामियाजा भोले के भक्तों को भुगतना पड़ सकता है।
अलखनाथ मंदिर जाने वाली सड़क हुई खस्ताहाल
नाथ नगरी के प्रमुख मंदिरों में शुमार अलखनाथ मंदिर को जाने वाली सड़क बेहद जर्जर हो गई है। फिर भी इसकी मरम्मत नहीं कराई गई है। किला रेलवे फाटक से लेकर हार्टमैन पुल तक सड़क जगह-जगह गढ्डों में तब्दील हो चुकी है। इस सड़क से नंगे पांव गुजरने वाले शिवभक्तों के पैर में कंकर चुभने का खतरा रहेगा।