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Bareilly News: खुद को पुलिस वाली बताकर किया रिश्ता, आईफोन और नकदी हड़पकर भिजवाया जेल
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आईजी के आदेश पर बिथरी चैनपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज
बरेली। खुद के दिल्ली पुलिस में तैनात बताकर युवती ने युवक को नौकरी दिलवाने का झांसा दिया। उससे रिश्ता तय कर नकदी व आईफोन हड़प लिया। युवक को दुष्कर्म के झूठे मामले में जेल भिजवा दिया। अब आईजी के आदेश पर बिथरी थाने में युवती के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
फरीदापुर इनायत खां निवासी संजीव कुमार ने पुलिस को बताया कि एक शादी समारोह में उनके भाई सुरेश की जान पहचान आरती से हो गई। आरती ने सुरेश को बताया कि वह रामपुर जिले के मिलक के गांव किरमचे की निवासी है और दिल्ली पुलिस में नौकरी करती है। आरती ने दिल्ली आकर मिलने के लिए कहा तो सुरेश दिल्ली जाकर उससे मिले। आरती ने सुरेश को अपनी मां कलावती, बहन रजनी, भाई राकेश, बहनोई कपिल, चाचा राजेंद्र और दोस्त अजय व मुकेश से मिलवाया। इन लोगों ने नौकरी लगवाने का झांसा दिया।
आरती का रिश्ता तय कर दो लाख रुपये के जेवर गोद भराई के बहाने सुरेश से ले लिए। आरती ने एक आईफोन भी खरीदवा लिया। नौकरी दिलवाने के लिए ढाई लाख रुपये ले लिए। बाद में पता चला कि आरती दिल्ली पुलिस में है ही नहीं। आरोप है कि इन लोगों ने मिलकर 4.50 लाख रुपये हड़प लिए। पांच लाख रुपये और देने का दबाव बनाया। रुपये मांगने पर सुरेश के घर पहुंचकर पिटाई की गई। गांव वाले जुटे तो आरोपी भाग गए। आरोपियों ने दिल्ली में सुरेश के खिलाफ दुष्कर्म का झूठा मुकदमा दर्ज करवाकर उसे जेल भिजवा दिया। ब्यूरो
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बरेली। खुद के दिल्ली पुलिस में तैनात बताकर युवती ने युवक को नौकरी दिलवाने का झांसा दिया। उससे रिश्ता तय कर नकदी व आईफोन हड़प लिया। युवक को दुष्कर्म के झूठे मामले में जेल भिजवा दिया। अब आईजी के आदेश पर बिथरी थाने में युवती के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
फरीदापुर इनायत खां निवासी संजीव कुमार ने पुलिस को बताया कि एक शादी समारोह में उनके भाई सुरेश की जान पहचान आरती से हो गई। आरती ने सुरेश को बताया कि वह रामपुर जिले के मिलक के गांव किरमचे की निवासी है और दिल्ली पुलिस में नौकरी करती है। आरती ने दिल्ली आकर मिलने के लिए कहा तो सुरेश दिल्ली जाकर उससे मिले। आरती ने सुरेश को अपनी मां कलावती, बहन रजनी, भाई राकेश, बहनोई कपिल, चाचा राजेंद्र और दोस्त अजय व मुकेश से मिलवाया। इन लोगों ने नौकरी लगवाने का झांसा दिया।
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आरती का रिश्ता तय कर दो लाख रुपये के जेवर गोद भराई के बहाने सुरेश से ले लिए। आरती ने एक आईफोन भी खरीदवा लिया। नौकरी दिलवाने के लिए ढाई लाख रुपये ले लिए। बाद में पता चला कि आरती दिल्ली पुलिस में है ही नहीं। आरोप है कि इन लोगों ने मिलकर 4.50 लाख रुपये हड़प लिए। पांच लाख रुपये और देने का दबाव बनाया। रुपये मांगने पर सुरेश के घर पहुंचकर पिटाई की गई। गांव वाले जुटे तो आरोपी भाग गए। आरोपियों ने दिल्ली में सुरेश के खिलाफ दुष्कर्म का झूठा मुकदमा दर्ज करवाकर उसे जेल भिजवा दिया। ब्यूरो
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