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धारा 144 में चाइनीज मांझा भी शामिल
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली
Updated Tue, 06 Sep 2016 01:32 AM IST
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धारा 144 में चाइनीज मांझे को शामिल करके पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया है। इसका उल्लंघन करने पर मजिस्ट्रेट की ओर से कम से कम 14 दिन की जेल होगी। पुलिस को भी उसे शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार करेगी। हालांकि इस पर पहले से प्रतिबंध था लेकिन दंड कम और वह आदेश व्यवहारिक नहीं था, इसीलिए इसे निषेधाज्ञा में शामिल किया गया है। जिसकी हर सप्ताह थाना प्रभारी अपने हल्के के सीओ और सीओ के माध्यम से एडीएम सिटी को रिपोर्ट सौंपेंगे।
बरेली सहित प्रदेश के कई शहरों में मांझे से गर्दन कटने तथा मौत की खबरों को गंभीरता से लेते हुए हाईकोर्ट ने रोक लगाई थी। जिसकी जिम्मेदारी डीएम को सौंपी गई थी। पिछले तीन महीने से इस आदेश पर अमल नहीं हो पा रहा था लेकिन अब डीएम पंकज यादव ने इसे गंभीरता से लिया है। उन्होेंने कहा है कि इस पर रोक लगाने की जिम्मेदारी पुलिस की है। छापे मारी कराई जाएगी, जिसमें मजिस्ट्रेट भी मौजूद रहेंगे। धारा 144 में इसे शामिल करने के बाद इसमें सीधे-सीधे पुलिस की जिम्मेदारी तय हो गई है।
यहां होता है मांझे का कारोबार
शहर के बाकरगंज, हुसैन बाग, स्वालेह नगर, जखीरा, रेती आदि स्थानों पर बनता है। हालांकि यहां लोगों का कहना है कि हम देसी मांझा बनाते हैं। लेकिन थोक बिक्री के केंद्र साहूकारा, रेती, किला, बांसमंडी, सराय खाम आदि स्थान हैं। इन स्थानों पर प्रशासन की ओर से खुफिया टीमें लगाईं गईं हैं जो कि चाइनीज मांझे की बिक्री और बनाने पर नजर रखेगी।
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‘चाइनीज मांझा की जहां बिक्री होगी, वहां के थाना प्रभारी जिम्मेदार होंगे। इसीलिए धारा 144 में इसे भी शामिल किया गया है।’ पंकज यादव, डीएम
शहर में शामिल 47 गांवों के किसानों को मिलेगी राहत
बरेली। नगर निगम में शामिल 47 गांवों के किसानों को क्यारा ब्लाक में शामिल कराते हुए सुविधाएं दिलाई जाएंगी। इन किसानों को पूर्व में प्रदेश सरकार तथा कृषि विभाग की ओर से सुविधाएं नहीं मिल रहीं थीं। इस बारे में डीएम ने शासन को पत्र लिखने का निर्णय लिया है। इन गांवों के किसानोें को शासन की सुविधाएं जरूर दिलाई जाएंगी।
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बरेली सहित प्रदेश के कई शहरों में मांझे से गर्दन कटने तथा मौत की खबरों को गंभीरता से लेते हुए हाईकोर्ट ने रोक लगाई थी। जिसकी जिम्मेदारी डीएम को सौंपी गई थी। पिछले तीन महीने से इस आदेश पर अमल नहीं हो पा रहा था लेकिन अब डीएम पंकज यादव ने इसे गंभीरता से लिया है। उन्होेंने कहा है कि इस पर रोक लगाने की जिम्मेदारी पुलिस की है। छापे मारी कराई जाएगी, जिसमें मजिस्ट्रेट भी मौजूद रहेंगे। धारा 144 में इसे शामिल करने के बाद इसमें सीधे-सीधे पुलिस की जिम्मेदारी तय हो गई है।
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यहां होता है मांझे का कारोबार
शहर के बाकरगंज, हुसैन बाग, स्वालेह नगर, जखीरा, रेती आदि स्थानों पर बनता है। हालांकि यहां लोगों का कहना है कि हम देसी मांझा बनाते हैं। लेकिन थोक बिक्री के केंद्र साहूकारा, रेती, किला, बांसमंडी, सराय खाम आदि स्थान हैं। इन स्थानों पर प्रशासन की ओर से खुफिया टीमें लगाईं गईं हैं जो कि चाइनीज मांझे की बिक्री और बनाने पर नजर रखेगी।
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‘चाइनीज मांझा की जहां बिक्री होगी, वहां के थाना प्रभारी जिम्मेदार होंगे। इसीलिए धारा 144 में इसे भी शामिल किया गया है।’ पंकज यादव, डीएम
शहर में शामिल 47 गांवों के किसानों को मिलेगी राहत
बरेली। नगर निगम में शामिल 47 गांवों के किसानों को क्यारा ब्लाक में शामिल कराते हुए सुविधाएं दिलाई जाएंगी। इन किसानों को पूर्व में प्रदेश सरकार तथा कृषि विभाग की ओर से सुविधाएं नहीं मिल रहीं थीं। इस बारे में डीएम ने शासन को पत्र लिखने का निर्णय लिया है। इन गांवों के किसानोें को शासन की सुविधाएं जरूर दिलाई जाएंगी।