{"_id":"694c619f1d49d8f436097cf4","slug":"rs-30-crores-to-be-recovered-from-three-retired-upsida-officers-caught-in-embezzlement-bareilly-news-c-4-bly1053-793096-2025-12-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: गबन में फंसे यूपीसीडा के तीन सेवानिवृत्त अधिकारियों से वसूल किए जाएंगे 30 करोड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: गबन में फंसे यूपीसीडा के तीन सेवानिवृत्त अधिकारियों से वसूल किए जाएंगे 30 करोड़
विज्ञापन
जमीन का बिना बैनामा कराए किसानों को 30 करोड़ रुपये का मुआवजा वितरण किया
गजरौला (अमरोहा)। 30 करोड़ रुपये के गबन में फंसे यूपीसीडा के तीन सेवानिवृत्त अधिकारियों से गबन की राशि वसूल की जाएगी। तीनों के खिलाफ साल भर पूर्व एफआईआर दर्ज की गई थी। उन पर आरोप है कि उन्होंने औद्योगिक क्षेत्र में जमीन का बैनामा कराए बिना ही किसानों को उनसे अधिग्रहण की गई भूमि का 30 करोड़ रुपये मुआवजा दे दिया।
खंड-11 यूपीसीडा बरेली के क्षेत्रीय प्रबंधक मंसूर कटियार ने बताया कि पिछले साल नवंबर माह में यूपीसीडा के प्रबंधक गाेपाल प्रसाद ने गबन की एफआईआर दर्ज दर्ज कराई थी। उन्होंने निर्माण खंड-4 अलीगढ़ के तत्कालीन अधिशासी अभियंता अजीत सिंह, तत्कालीन क्षेत्रीय प्रबंधक अलीगढ़ तेजवीर सिंह व तत्कालीन अधिशासी अभियंता निर्माण खंड-4 अलीगढ़ के दीपचंद को नामजद कराया था।
तीनों के नेतृत्व में यूपीसीडा ने नाईपुरा खादर व फाजलपुर गौसाईं गांव की 151 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया। जिसके बाद तीनों ने वर्ष 2013 में किसानों को उस समय मुआवजे के रूप में करीब 30 करोड़ रुपये का वितरण कर दिया। मगर लापरवाही बरतते हुए अधिग्रहण की गई जमीन का बैनामा नहीं कराया। क्षेत्रीय प्रबंधक मंसूर कटियार का कहना है कि तीनों से गबन की धनराशि वसूल की जाएगी। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
गजरौला (अमरोहा)। 30 करोड़ रुपये के गबन में फंसे यूपीसीडा के तीन सेवानिवृत्त अधिकारियों से गबन की राशि वसूल की जाएगी। तीनों के खिलाफ साल भर पूर्व एफआईआर दर्ज की गई थी। उन पर आरोप है कि उन्होंने औद्योगिक क्षेत्र में जमीन का बैनामा कराए बिना ही किसानों को उनसे अधिग्रहण की गई भूमि का 30 करोड़ रुपये मुआवजा दे दिया।
खंड-11 यूपीसीडा बरेली के क्षेत्रीय प्रबंधक मंसूर कटियार ने बताया कि पिछले साल नवंबर माह में यूपीसीडा के प्रबंधक गाेपाल प्रसाद ने गबन की एफआईआर दर्ज दर्ज कराई थी। उन्होंने निर्माण खंड-4 अलीगढ़ के तत्कालीन अधिशासी अभियंता अजीत सिंह, तत्कालीन क्षेत्रीय प्रबंधक अलीगढ़ तेजवीर सिंह व तत्कालीन अधिशासी अभियंता निर्माण खंड-4 अलीगढ़ के दीपचंद को नामजद कराया था।
विज्ञापन
तीनों के नेतृत्व में यूपीसीडा ने नाईपुरा खादर व फाजलपुर गौसाईं गांव की 151 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया। जिसके बाद तीनों ने वर्ष 2013 में किसानों को उस समय मुआवजे के रूप में करीब 30 करोड़ रुपये का वितरण कर दिया। मगर लापरवाही बरतते हुए अधिग्रहण की गई जमीन का बैनामा नहीं कराया। क्षेत्रीय प्रबंधक मंसूर कटियार का कहना है कि तीनों से गबन की धनराशि वसूल की जाएगी। संवाद
विज्ञापन