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Bareilly News: हर आयोजन की लेनी होगी अनुमति, बतानी होगी संख्या
Thu, 04 Jul 2024 06:20 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Thu, 04 Jul 2024 06:20 AM IST
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बरेली। हाथरस में हुए हादसे के बाद जिले में भी कार्यक्रमों की अनुमति के लिए नियम सख्त कर दिए गए हैं। अब कार्यक्रमों में जुटने वाली भीड़ के पूर्वानुमान पर ज्यादा फोकस किया जाएगा। उसी हिसाब से सुरक्षा व यातायात संबंधी व्यवस्था कराई जाएगी।
हाथरस हादसे के बाद प्रदेश स्तर से ही सभी जिलों में पुलिस-प्रशासन के अधिकारियों के पास एडवाइजरी भेज दी गई है। एसपी सिटी राहुल भाटी ने बताया कि हर छोटे बड़े आयोजन के लिए अब अनुमति लेनी होगी। आयोजकों को लिखित में बताना होगा कि उनके कार्यक्रम में कितनी भीड़ जुटने की संभावना है। इसी आधार पर पुलिस व्यवस्था बनाएगी।
पीलीभीत बाइपास के किनारे तुलसी नगर में बड़ा मैदान है। अक्सर भोले बाबा का सत्संग शहर के इसी मैदान पर होता रहा है। यहां भी लाखों अनुयायी जुटते हैं। गनीमत रही जो शहर में सत्संग के दौरान ऐसा हादसा नहीं हुआ। मृतकों की सूची में भी बरेली जिले से किसी का नाम नहीं है। हाथरस की घटना के बाद लोग इस बात पर चर्चा कर राहत की सांस ले रहे हैं।
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बरेली मंडल में साकार विश्व हरि उर्फ भोले बाबा का खासा प्रभाव है। पिछले साल शहर के रामगंगानगर में उनका सत्संग हुआ था। इसमें मुरादाबाद सहित उत्तराखंड से भी हजारों अनुयायी आए थे। उनके अनुयायियों के मुताबिक अगले साल फिर रामगंगानगर में उनका सत्संग प्रस्तावित था। स्थानीय अनुयायी कार्यक्रम की रूपरेखा बना रहे थे कि यह हादसा हो गया। इनमें सुभाषनगर की युवती और नवाबगंज की महिला के घायल होने की सूचनाएं सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही हैं।
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हाथरस हादसे के बाद प्रदेश स्तर से ही सभी जिलों में पुलिस-प्रशासन के अधिकारियों के पास एडवाइजरी भेज दी गई है। एसपी सिटी राहुल भाटी ने बताया कि हर छोटे बड़े आयोजन के लिए अब अनुमति लेनी होगी। आयोजकों को लिखित में बताना होगा कि उनके कार्यक्रम में कितनी भीड़ जुटने की संभावना है। इसी आधार पर पुलिस व्यवस्था बनाएगी।
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पीलीभीत बाइपास के किनारे तुलसी नगर में बड़ा मैदान है। अक्सर भोले बाबा का सत्संग शहर के इसी मैदान पर होता रहा है। यहां भी लाखों अनुयायी जुटते हैं। गनीमत रही जो शहर में सत्संग के दौरान ऐसा हादसा नहीं हुआ। मृतकों की सूची में भी बरेली जिले से किसी का नाम नहीं है। हाथरस की घटना के बाद लोग इस बात पर चर्चा कर राहत की सांस ले रहे हैं।
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बरेली मंडल में साकार विश्व हरि उर्फ भोले बाबा का खासा प्रभाव है। पिछले साल शहर के रामगंगानगर में उनका सत्संग हुआ था। इसमें मुरादाबाद सहित उत्तराखंड से भी हजारों अनुयायी आए थे। उनके अनुयायियों के मुताबिक अगले साल फिर रामगंगानगर में उनका सत्संग प्रस्तावित था। स्थानीय अनुयायी कार्यक्रम की रूपरेखा बना रहे थे कि यह हादसा हो गया। इनमें सुभाषनगर की युवती और नवाबगंज की महिला के घायल होने की सूचनाएं सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही हैं।