फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   Parsakheda housing scheme will be developed in 12 sectors in Bareilly

Bareilly News: 12 सेक्टर में विकसित होगी परसाखेड़ा आवासीय योजना, सात गांवों के किसानों से ली जाएगी जमीन

Mon, 06 Jan 2025 05:10 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
अमर उजाला ब्यूरो, बरेली Published by: मुकेश कुमार Updated Mon, 06 Jan 2025 05:10 PM IST
सार

परसाखेड़ा में 561 हेक्टेयर जमीन पर आवासीय योजना विकसित होनी है। पहले चरण में ट्यूलिया व धंतिया गांव की 149 हेक्टेयर जमीन पर योजना विकसित हो रही है।

विज्ञापन
Parsakheda housing scheme will be developed in 12 sectors in Bareilly
इसी जमीन पर प्रस्तावित है आवासीय योजना - फोटो : आवास विकास परिषद

विस्तार

बरेली में लैंड पूलिंग स्कीम के तहत प्रस्तावित परसाखेड़ा आवासीय योजना में 12 सेक्टर होंगे। आवास विकास परिषद के अभियंता साइट प्लान को अंतिम रूप दे रहे हैं। योजना अब तक टियूलिया और धंतिया तक सीमित थी। नए साल में इसे हमीरपुर, वोहित, मिलक इमामगंज, बल्लिया और फरीदापुर रामचरण में विस्तार मिलेगा। इन गांवों के किसानों से सहमतिपत्र भरवाए जाएंगे।

विज्ञापन


परसाखेड़ा में 561 हेक्टेयर जमीन पर आवासीय योजना विकसित होनी है। पहले चरण में ट्यूलिया व धंतिया गांव की 149 हेक्टेयर जमीन पर योजना विकसित हो रही है। दोनों गांवों के करीब छह सौ किसानों में 240 ने भूमि देने के लिए सहमति दी है। फसल मुआवजे के लिए 142 किसानों के बैंक खाते लिए गए हैं। उन्हें जनवरी से फसल मुआवजा के रूप में पांच हजार रुपये प्रति हेक्टेयर की दर से क्षतिपूर्ति मिलेगी। इस साल के अंत तक भूखंडों का आवंटन शुरू हो जाएगा। भूखंड आवंटन के साथ ही मुआवजा बंद होगा।
विज्ञापन


आवास एवं विकास परिषद के अधिशासी अभियंता नवीन कुमार वर्मा ने बताया कि प्रस्तावित कॉलोनी के मानचित्र को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसके बाद सड़क, सीवर लाइन आदि का काम शुरू कराया जाएगा। मार्च तक स्थल विकास के काम शुरू करने की तैयारी है। योजना में सबसे छोटा भूखंड 60 तो सबसे बड़ा भूखंड 2,000 वर्गमीटर का होगा। साथ ही, 105, 144, 162 ,200, 300, 450, 600, 1200 वर्गमीटर के भूखंड भी होंगे। कॉलोनी में कम से कम 7.5 और अधिकतम 45 मीटर चौड़ी सड़कों का निर्माण होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

जानिए, क्या है लैंड पूलिंग स्कीम
आवास विकास परिषद और विकास प्राधिकरणों के प्रोजेक्ट्स के लिए वर्ष 2019 में प्रदेश सरकार ने लैंड पूलिंग स्कीम लागू की थी। इसमें किसान द्वारा दी गई भूमि का अधिकतम 25 फीसदी हिस्सा उसको विकसित क्षेत्र में निशुल्क मिल सकता है। इसके लिए किसान को कोई विकास शुल्क नहीं देना पड़ेगा। स्कीम से नई कॉलोनियों का विकास होगा। लैंड बैंक स्थापित करना आसान होगा। ऐसा अधिकारियों का मानना है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed