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अब फर्जी आईएएस के पिता के खिलाफ भी होगी कार्रवाई
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फर्जी आईएएस शशांक तिवारी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
इज्जतनगर डीजल शेड में तैनात है, बेटे ने अधिकारी को फोन करके बदलवाया था सेक्शन
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पोल खुलते ही डीजल शेड के अधिकारी ने फिर किया ट्रांसफर
पिता भी अफसरों से हांकता था डींग- आईएएस है मेरा रिश्तेदार
बरेली। फर्जी आईएएस शशांक तिवारी ने तीन महीने पहले इज्जतनगर डीजल शेड में तैनात अपने पिता जितेंद्र तिवारी का ट्रांसफर भी करा लिया था। उसने डीजल शेड के वरिष्ठ अधिकारी को फोन करके खुद को मानव संसाधन विकास मंत्रालय में तैनात बताया था और पिता जितेंद्र का सेक्शन बदलने को कहा था। जितेंद्र भी डींग हांकता था कि उसका रिश्तेदार आईएएस है। बृहस्पतिवार को जब पता चला कि शशांक फ्रॉड है तो उसके पिता का फिर ट्रांसफर कर दिया गया। अब उसके खिलाफ कार्रवाई की भी बात कही जा रही है।
फर्जी आईएएस शशांक तिवारी का पिता जितेंद्र तिवारी डीजल शेड में ओवर हालिंग सेक्शन में कार्यरत है। अप्रैल में शशांक तिवारी ने डीजल शेड के वरिष्ठ अधिकारी एसके प्रसाद को फोन करके खुद को बतौर आईएएस एमएचआरडी में तैनात बताते हुए पिता का सेक्शन बदलने को कहा। एसके प्रसाद ने जितेंद्र तिवारी को बुलाया तो उसने बताया कि उसका रिश्तेदार आईएएस है। एसके प्रसाद ने इसके बाद उसी दिन ऑयल सेक्शन से एक कर्मचारी हो हटाकर जितेंद्र को वहां तैनात कर दिया। डीजल शेड के सूत्रों के मुताबिक ऑयल सेक्शन में काम न के बराबर है। जितेंद्र तिवारी की धाक जमने के बाद साथी कर्मचारी उससे काम भी नहीं लेते थे।
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बृहस्पतिवार को शशांक की पोल खुलते ही जितेंद्र का तबादला रनिंग सेक्शन में कर उसे इंजन रिपेयर का काम सौंप दिया गया। इज्जतनगर रेल मंडल के पीआरओ राजेंद्र सिंह ने बताया कि यह मामला सुनने में तो आया है पर कहां तक सच है, इसकी जानकारी कराई जाएगी।
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पोल खुलते ही डीजल शेड के अधिकारी ने फिर किया ट्रांसफर
पिता भी अफसरों से हांकता था डींग- आईएएस है मेरा रिश्तेदार बरेली। फर्जी आईएएस शशांक तिवारी ने तीन महीने पहले इज्जतनगर डीजल शेड में तैनात अपने पिता जितेंद्र तिवारी का ट्रांसफर भी करा लिया था। उसने डीजल शेड के वरिष्ठ अधिकारी को फोन करके खुद को मानव संसाधन विकास मंत्रालय में तैनात बताया था और पिता जितेंद्र का सेक्शन बदलने को कहा था। जितेंद्र भी डींग हांकता था कि उसका रिश्तेदार आईएएस है। बृहस्पतिवार को जब पता चला कि शशांक फ्रॉड है तो उसके पिता का फिर ट्रांसफर कर दिया गया। अब उसके खिलाफ कार्रवाई की भी बात कही जा रही है।
फर्जी आईएएस शशांक तिवारी का पिता जितेंद्र तिवारी डीजल शेड में ओवर हालिंग सेक्शन में कार्यरत है। अप्रैल में शशांक तिवारी ने डीजल शेड के वरिष्ठ अधिकारी एसके प्रसाद को फोन करके खुद को बतौर आईएएस एमएचआरडी में तैनात बताते हुए पिता का सेक्शन बदलने को कहा। एसके प्रसाद ने जितेंद्र तिवारी को बुलाया तो उसने बताया कि उसका रिश्तेदार आईएएस है। एसके प्रसाद ने इसके बाद उसी दिन ऑयल सेक्शन से एक कर्मचारी हो हटाकर जितेंद्र को वहां तैनात कर दिया। डीजल शेड के सूत्रों के मुताबिक ऑयल सेक्शन में काम न के बराबर है। जितेंद्र तिवारी की धाक जमने के बाद साथी कर्मचारी उससे काम भी नहीं लेते थे।
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बृहस्पतिवार को शशांक की पोल खुलते ही जितेंद्र का तबादला रनिंग सेक्शन में कर उसे इंजन रिपेयर का काम सौंप दिया गया। इज्जतनगर रेल मंडल के पीआरओ राजेंद्र सिंह ने बताया कि यह मामला सुनने में तो आया है पर कहां तक सच है, इसकी जानकारी कराई जाएगी।