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Bareilly News: रूस-यूक्रेन युद्ध और ट्रंप टैरिफ के फेर में निर्यात ढेर

Fri, 28 Nov 2025 02:50 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Fri, 28 Nov 2025 02:50 AM IST
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Exports pile up amid Russia-Ukraine war and Trump tariffs
बरेली। रूस-यूक्रेन युद्ध और ट्रंप टैरिफ के फेर में निर्यात के आंकड़े साल दर साल ढेर हो रहे हैं। यूपी काउंसिल ऑफ एक्सपोर्ट के आंकड़े इसकी पुष्टि कर रहे हैं। चार साल में बरेली जिले का निर्यात का आंकड़ा 10.15 अरब रुपये से लुढ़ककर 4.19 अरब पर आ गया है।
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वर्ष 2029 तक प्रदेश की अर्थव्यवस्था को एक ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचाने में उत्पादों के निर्यात की अहम भूमिका मानी जा रही है। ऐसे में निर्यात के आंकड़ों में गिरावट चिंताजनक है। आंकड़ों पर गौर करें तो बरेली से वित्त वर्ष 2021-22 में 10.15 अरब, 2022-23 में 9.56 अरब, 2023-24 में 5.56 अरब, 2024-25 में 4.19 अरब रुपये के उत्पाद निर्यात हुए। वर्ष 22-23 से 23-24 के दौरान सालभर में ही निर्यात में चार अरब रुपये की गिरावट दर्ज की गई।
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निर्यातकों के मुताबिक, कोरोना महामारी के बाद रूस-यूक्रेन, इस्राइल-हमास, कांगो-रवांडा के बीच संघर्ष हुआ। सूडान और म्यांमार में गृह युद्ध की स्थितियां बनीं। इसी बीच पाकिस्तान पर भारत की सर्जिकल स्ट्राइक, ऑपरेशन सिंदूर, चीन सीमा पर तनाव की स्थितियां भी निर्यात में अड़चन बनीं।
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प्राकृतिक मिंट पर भारी पड़ रहा चीन का सिंथेटिक मिंट
मेंथॉल निर्यातक निहाल सिंह के मुताबिक, नेचुरल मेंथॉल के कारोबार पर युद्ध से ज्यादा चीन के सिंथेटिक मिंट का असर पड़ा है। बताया कि पहले भारत से चीन को नेचुरल मिंट का बड़े पैमाने पर निर्यात होता था, लेकिन कुछ वर्षों से चीन सिंथेटिक मिंट तैयार करने लगा। नेचुरल से सस्ते होने की वजह से सिंथेटिक मिंट की मांग बढ़ी। इधर, ट्रंप टैरिफ लागू होने के बाद अमेरिका से कारोबार पूरी तरह ठप हो गया है।

उत्पादों में नवाचार और निर्यात नीति का सरलीकरण जरूरी
इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिनेश गोयल के मुताबिक, आंकड़े बताते हैं कि क्या निर्यात हुआ और कहां गिरावट हुई। इसके आधार पर निर्यात संबंधी कारगर नीति बन सकती है। इससे सुधार की कवायद के साथ स्थिर निर्यात को बढ़ाने पर काम किया जा सकता है। प्रत्येक औद्योगिक संगठन के कार्यालय में यह डाटा उपलब्ध होना जरूरी है। निर्यात बढ़ाने के लिए उत्पादों में नवाचार समेत दूसरे देशों के बीच आपसी संबंध और डीलरों से संपर्क जरूरी है। सरकार की ओर से आंकड़े जारी होना सराहनीय है। ब्यूरो


बरेली से निर्यात के आंकड़े
उत्पाद 2021-22 2022-23 2023-24 2024-25
बोनलेस मीट बोवाइन, फ्रोजेन 142.09 133.70 28.70 18.88
बासमती चावल 35.41 46.75 60.88 21.74
एसेंशियल ऑयल, पिपरमिंट 76.44 65.81 38.87 36.75
जरी व अन्य 118.24 145.63 77.34 82.94
आर्टिकल्स, आयरन, स्टील 31.04 17.72 11.08 12.38
(नोट: आंकड़े यूपी काउंसिल ऑफ एक्सपोर्ट के अनुसार करोड़ रुपये में)

वर्जन
युद्ध से वैश्विक अर्थव्यवस्था पर असर पड़ता है। रूस-यूक्रेन युद्ध के साथ ही कई अन्य देशों के बीच तनाव की स्थिति है। प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार निर्यात बढ़ाने के लिए औद्योगिक करार हो रहे हैं। स्थानीय उत्पादों को निर्यात के लिए तैयार करने समेत एक्सपोर्ट सेमिनार से निर्यातकों की समस्याओं का समाधान करने का प्रयास किया जा रहा है। - विकास यादव, उपायुक्त उद्योग
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