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Bareilly News: मासूम की मौत से भी नहीं टूटी नींद, खुले नाले में उतरा रही लापरवाही
Sat, 12 Sep 2026 01:00 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Sat, 12 Sep 2026 01:00 AM IST
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अलीगंज। मझगवां ब्लॉक के गांव कैनी इंचौर में मासूम की मौत के बाद भी जिम्मेदारों की नींद नहीं टूटी है। खुले नालों में लापरवाही उतरा रही है। जिस नाले में डूबने से सुनील (2) की मौत हुई, उसके किनारे उगी घास को सुखाने के स्प्रे कर सफाई कराई गई। हालांकि उसको ढकने की पुख्ता योजना नहीं बनाई गई है। एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डाली जा रही है।
गांव के तेजपाल का बेटा सुनील बुधवार को घर के बाहर खेल रहा था। इस दौरान वह घर से आठ कदम की दूरी पर बने नाले में गिर गया। डूबने से उसकी मौत हो गई। वह माता-पिता का इकलौता बेटा था। नाला 400 मीटर लंबे और पांच फुट गहरा है। बारिश में लबालब हो गया था। सफाई भी नहीं हुई थी। हादसे की सूचना पर मौके पर गए नायब तहसीलदार और सचिव से ग्रामीणों ने नाले पर स्लैब डलवाने की मांग की। उनको स्लैब डलवाने का आश्वासन दिया था। हालांकि बाद में ग्राम पंचायत अधिकारी अजय कुमार ने गांव पहुंचकर मजदूरों से नाले से पानी निकलवाने का काम कराया। किनारे उगी घास को सुखाने के स्प्रे कर नाले की सफाई कराई। लेकिन, स्लैब नहीं डलवाए गए। ग्रामीणों के मुताबिक, ओवरहेड टैंक के निर्माण के लिए बनी दीवार के कारण नाले की निकासी बंद होने से नाले के पानी की निकासी ठप थी। नाले का पानी या तो टंकी परिसर की चहारदीवारी में भरता है या नाले में लौट जाता है। पहले से ही समस्या का संज्ञान नहीं लिया गया। लापरवाही ने एक जान ले ली। इसके बावजूद नाला ढका नहीं गया है। कुछ ग्रामीणों ने निजी खर्च से ही घर के आगे बने नाले पर स्लैब डलवाए हैं। इस बाबत मझगवां बीडीओ भगवानदास ने बताया कि गांव में जो भी काम कराए जाएंगे, वे ग्राम पंचायत प्रशासन कराएगा।
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गांव के तेजपाल का बेटा सुनील बुधवार को घर के बाहर खेल रहा था। इस दौरान वह घर से आठ कदम की दूरी पर बने नाले में गिर गया। डूबने से उसकी मौत हो गई। वह माता-पिता का इकलौता बेटा था। नाला 400 मीटर लंबे और पांच फुट गहरा है। बारिश में लबालब हो गया था। सफाई भी नहीं हुई थी। हादसे की सूचना पर मौके पर गए नायब तहसीलदार और सचिव से ग्रामीणों ने नाले पर स्लैब डलवाने की मांग की। उनको स्लैब डलवाने का आश्वासन दिया था। हालांकि बाद में ग्राम पंचायत अधिकारी अजय कुमार ने गांव पहुंचकर मजदूरों से नाले से पानी निकलवाने का काम कराया। किनारे उगी घास को सुखाने के स्प्रे कर नाले की सफाई कराई। लेकिन, स्लैब नहीं डलवाए गए। ग्रामीणों के मुताबिक, ओवरहेड टैंक के निर्माण के लिए बनी दीवार के कारण नाले की निकासी बंद होने से नाले के पानी की निकासी ठप थी। नाले का पानी या तो टंकी परिसर की चहारदीवारी में भरता है या नाले में लौट जाता है। पहले से ही समस्या का संज्ञान नहीं लिया गया। लापरवाही ने एक जान ले ली। इसके बावजूद नाला ढका नहीं गया है। कुछ ग्रामीणों ने निजी खर्च से ही घर के आगे बने नाले पर स्लैब डलवाए हैं। इस बाबत मझगवां बीडीओ भगवानदास ने बताया कि गांव में जो भी काम कराए जाएंगे, वे ग्राम पंचायत प्रशासन कराएगा।
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