फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   education

इसे प्रमोशन कहें या उर्स की अनुमति देने का खामियाजा

Sun, 14 Jul 2019 02:11 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Sun, 14 Jul 2019 02:11 AM IST
विज्ञापन
education
बरेली। बगैर शासन को सूचित किए इस्लामिया ग्राउंड पर ताजुश्शरिया के पहले उर्स की अनुमति देने के विवाद में फंसे सिटी मजिस्ट्रेट संजय कुमार का आखिरकार तबादला हो गया। फरवरी में ही बतौर सिटी मजिस्ट्रेट यहां कार्यभार संभालने वाले संजय कुमार का स्थानांतरण को इसी प्रकरण से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि वह यहां से बांदा में एडीएम न्यायिक बनाकर भेजे गए हैं, लिहाजा यह भी चर्चा शुरू हो गई है कि उर्स की अनुमति देने का खामियाजा है या फिर उसे रद्द करने का तोहफा।
विज्ञापन

सिटी मजिस्ट्रेट संजय कुमार ने ही नौ मई को इस्लामिया ग्राउंड पर ताजुश्शरिया के पहले उर्स की अनुमति दी थी। यह उर्स नौ और दस जुलाई को होना था। मगर हफ्ता भर पहले ही प्रशासन पर नई परंपरा की शुरुआत कराने का आरोप लगने लगा और शिकायतें शासन तक कर दी गईं। इसके बाद प्रशासन ने उर्स से तीन दिन पहले ही उसकी अनुमति रद्द कर दी। उच्चाधिकारियों ने यह कहकर अपना बचाव किया कि उन्हें यह जानकारी नहीं थी कि उर्स पहली बार होने जा रहा है। हालांकि आला हजरत दरगाह की ओर से इसका कड़ा विरोध किया गया। शहर का माहौल खराब होने की भी आशंका पैदा हो गई। सिटी मजिस्ट्रेट हिंदू संगठनों के निशाने पर भी आए और उर्स कमेटी की भी सबसे ज्यादा नाराजगी उन्हीं पर थी।
विज्ञापन

हालांकि अफसरों ने ठीकरा इंस्पेक्टर कोतवाली पर फोड़ते हुए उन्हें लाइन हाजिर कर दिया। मामला संभालने में अफसरों के हाथ पांव फूल गए। मथुरापुर में उर्स की अनुमति देकर किसी तरह दरगाह की नाराजगी शांत करने की कोशिश की गई। बताते हैं कि सिटी मजिस्ट्रेट को अपने उच्चाधिकारियों के कड़े सवालों के जवाब भी देने पड़े। इसी बीच सिटी मजिस्ट्रेट का शासन से तबादले का आदेश जारी हो गया। उन्हें उर्स के मामले में ही यहां से हटाए जाने की चर्चा है। हालांकि शासन ने उन्हें बांदा में एडीएम बनाया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


और मामलों में भी चर्चा में रहे सिटी मजिस्ट्रेट
पोर्टेबल शॉप प्रकरण : नगर आयुक्त सैमुअल पॉल एन. ने डीएम से इंदिरा मार्केट में 119 पोर्टेबल शॉप अवैध रूप से रखी जानी की शिकायत की थी। इस मामले की जांच सिटी मजिस्ट्रेट संजय कुमार ने ही की थी। उनकी जांच रिपोर्ट पर व्यापारी नेता दर्शनलाल भटिया और पार्षद विनोद सैनी पर केस दर्ज हुआ था।

नगर निगम में धारा-144: नगर आयुक्त सैमुअल पॉल के खिलाफ पार्षदों के मोर्चा खोलने के बाद सिटी मजिस्ट्रेट संजय कुमार ने नगर निगम परिसर में धारा-144 लागू लगा दी थी जबकि डीएम ने ईद को लेकर पहले ही जिलेभर में यह धारा लागू कर रखी थी।

-एफएसडीए कार्रवाई: मिलावट के खिलाफ एफएसडीए के अभियान पर भी सवाल उठे। सिटी मजिस्ट्रेट के निर्देश पर चले इस अभियान में कई व्यापारियों ने यह आरोप लगाए कि नमूने लेने में पक्षपात हो रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed