'ब्लैकमेल कर रही थी प्रेमिका': मंत्री के ड्राइवर ने फंदा लगाकर की आत्महत्या, भाई ने युवती पर कराई रिपोर्ट
कैबिनेट मंत्री के धर्मपाल सिंह की फ्लीट के चालक पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में ठहरे थे। उनका शव शनिवार रात गेस्ट हाउस के कमरे में फंदे से लटका मिला। कानों में इयर बड्स लगे थे। मृतक के भाई ने प्रेमिका के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
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बरेली में पशुधन एवं दुग्ध विकास विभाग मंत्री और आंवला विधायक धर्मपाल सिंह की फ्लीट के चालक राजवीर सिंह उर्फ कुंदन (28) ने जिला मुख्यालय स्थित पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। प्रेमिका से वीडियो कॉल पर झगड़े के बाद उन्होंने यह कदम उठाया। बाराबंकी से आए भाई ने कोतवाली में प्रेमिका के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
राजवीर सिंह बाराबंकी के थाना सुबेहा के गांव किरसिया के रहने वाले थे। वह शासन से अनुबंधित लखनऊ के अलीगंज के आनंद शुक्ला की ट्रैवल एजेंसी के लिए काम करते थे। एजेंसी की ओर से ही मंत्री धर्मपाल सिंह की कार उपलब्ध कराई गई है। लखनऊ से आने के बाद राजवीर सर्किट हाउस चौराहा स्थित पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में रुके थे। शनिवार देर रात उन्होंने गेस्ट हाउस के पर्दे का फंदा बनाकर कुंडे से लटककर जान दे दी।
रात में ही मंत्री के बाहर जाने के समय उनके स्टाफ ने राजवीर के फोन पर कई बार कॉल कीं, मगर रिसीव नहीं हुई। तब मंत्री का गनर गेस्ट हाउस पहुंचा। अंदर से बंद कमरे का दरवाजा तोड़कर देखा तो राजवीर का शव फंदे से लटका पाया। कान में लगे इयर बड्स जेब में रखे उनके मोबाइल फोन से कनेक्ट थे। गेस्ट हाउस के कर्मचारियों ने रात में ही कोतवाली पुलिस को जानकारी दी। सूचना पर सीओ प्रथम पंकज श्रीवास्तव और कोतवाल डीके शर्मा मौके पर पहुंचे।
भाई ने बताया- ब्लैकमेल कर रही थी प्रेमिका
रात में ही पुलिस ने मोबाइल फोन चेक किया तो उसमें पैटर्न लॉक लगा मिला। तब कहीं से नंबर जुटाकर पुलिस ने एजेंसी संचालक और राजवीर के घरवालों को कॉल की। सुबह बाराबंकी से राजवीर के भाई ज्ञानवीर सिंह व परिवार के लोग बरेली पहुंचे। ज्ञानवीर सिंह ने कोतवाली में बाराबंकी निवासी युवती ज्योति सिंह के खिलाफ रिपोर्ट कराई।
इसमें बताया कि राजवीर का ज्योति से आठ साल से प्रेम संबंध था। दोनों परिवारों को इसकी जानकारी थी। राजवीर की सारी कमाई ज्योति ले लेती थी। जब राजवीर ने उससे शादी करने की जिद की तो वह उन्हें ब्लैकमेल करने लगी। इससे राजवीर मानसिक रूप से काफी परेशान थे। गेस्ट हाउस में उन्होंने ज्योति से वीडियो कॉल पर बात करते हुए फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
फोन में लगा है पैटर्न लॉक
सीओ प्रथम पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि सीओ प्रथम पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि राजवीर सिंह के मोबाइल फोन में पैटर्न लॉक लगा है। उसके खुलने पर ही चैट के बारे में जानकारी हो सकेगी। हां, कॉल डिटेल से यह स्पष्ट हुआ है कि प्रेमिका से वह घंटों बात करते थे। संभवत: मरने से पहले भी उसी से बात की है। तहरीर के मुताबिक रिपोर्ट लिख ली है।