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निदा ने बनाया महिला संगठन
बरेली।
Updated Sun, 28 May 2017 01:43 AM IST
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Nida made women organization
- फोटो : बरेली, अमर उजाला
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अपने पति शीरान रजा खां से तीन तलाक के मुद्दे पर संघर्ष कर रही निदा खान ने तलाकशुदा महिलाओं के लिए संगठन बनाया है। जो ‘निदा महिला सहायक’ के नाम से काम करेगा। इसके माध्यम से वो महिलाओं को आत्म निर्भर बनाएंगी।
इसका खुलासा शनिवार को निदा खान ने अपने शहदाना स्थित निवास पर प्रेसवार्ता के दौरान किया। उन्होंने कहा कि यह संगठन उनके जैसी तीन तलाक की पीड़ित और समाज की कुरीतियों से प्रभावित हुई महिलाओं के लिए होगा। साथ ही यह संगठन उन मर्दों के खिलाफ आवाज है तो तीन तलाक का दुरुपयोग कर रहे हैं।
निदा ने बताया कि इस संगठन में सिर्फ उन्हीं महिलाओं को शामिल किया गया है जो तलाकशुदा हैं। चूंकि वो ऐसी महिलाओं का दर्द समझती हैं। इस लिए संगठन के माध्यम से महिलाएं अपनी लड़ाई के साथ साथ दूसरों का सहारा भी बने ऐसी कोशिश होगी। ताकि उन्हें न्याय दिला सकें। इसके साथ ही उनका संगठन ऐसी महिलाओं को हुनरमंद भी बनाएगा।
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उन्होंने कहा कि आम तौर महिलाएं पुरुषों पर निर्भर करती हैं, मगर अब जरूरी है कि वो आत्मनिर्भर बन सकें। ताकि वो अपना जीविकोपार्जन स्वयं करें और न्याय के लिए खुद लड़ सकें। इसके लिए उन्हें पढ़ाई, कौशल विकास के साथ अन्य सरकारी योजनाओं से जोड़ने का प्रयास है।
इस संगठन में निदा स्वयं अध्यक्ष होंगी, उपाध्यक्ष मोइन हसन और नवाबगंज निवासी बेबी अफरोज को सचिव बनाया है। इसके अलावा डा. उजमा खान, निशा खान, शबीना उर्फ बेबी, रिजवाना, शाइस्ता, अंजुम, यासमीन, अलीना, रूबी, शबीना नाजरीन सहित शहर व आसपास शहर की 14 महिलाएं शामिल हैं।
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इसका खुलासा शनिवार को निदा खान ने अपने शहदाना स्थित निवास पर प्रेसवार्ता के दौरान किया। उन्होंने कहा कि यह संगठन उनके जैसी तीन तलाक की पीड़ित और समाज की कुरीतियों से प्रभावित हुई महिलाओं के लिए होगा। साथ ही यह संगठन उन मर्दों के खिलाफ आवाज है तो तीन तलाक का दुरुपयोग कर रहे हैं।
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निदा ने बताया कि इस संगठन में सिर्फ उन्हीं महिलाओं को शामिल किया गया है जो तलाकशुदा हैं। चूंकि वो ऐसी महिलाओं का दर्द समझती हैं। इस लिए संगठन के माध्यम से महिलाएं अपनी लड़ाई के साथ साथ दूसरों का सहारा भी बने ऐसी कोशिश होगी। ताकि उन्हें न्याय दिला सकें। इसके साथ ही उनका संगठन ऐसी महिलाओं को हुनरमंद भी बनाएगा।
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उन्होंने कहा कि आम तौर महिलाएं पुरुषों पर निर्भर करती हैं, मगर अब जरूरी है कि वो आत्मनिर्भर बन सकें। ताकि वो अपना जीविकोपार्जन स्वयं करें और न्याय के लिए खुद लड़ सकें। इसके लिए उन्हें पढ़ाई, कौशल विकास के साथ अन्य सरकारी योजनाओं से जोड़ने का प्रयास है।
इस संगठन में निदा स्वयं अध्यक्ष होंगी, उपाध्यक्ष मोइन हसन और नवाबगंज निवासी बेबी अफरोज को सचिव बनाया है। इसके अलावा डा. उजमा खान, निशा खान, शबीना उर्फ बेबी, रिजवाना, शाइस्ता, अंजुम, यासमीन, अलीना, रूबी, शबीना नाजरीन सहित शहर व आसपास शहर की 14 महिलाएं शामिल हैं।