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आखिरी सोमवार को नन्हे हाथों में भी थमा दीं नंगी तलवारें
Updated Tue, 21 Aug 2018 12:37 AM IST
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आस्था कब शक्ति प्रदर्शन में बदल गई पता ही नहीं चला। सावन का आखिरी सोमवार आते-आते जत्थों में शामिल बच्चों के हाथों में भी नंगी तलवारें थमा दी गईं। हालात का जायजा लेने के लिए घूम रहे डीएम-एसएसपी समेत तमाम अफसरों के सामने ये नजारे आए लेकिन सब खामोश में ही भलाई समझी।
सावन के अंतिम सोमवार को कांवड़ियों की इतनी भीड़ सड़क पर उतरी कि जगह-जगह जाम के हालात पैदा हो गए। जहां जाम नहीं भी लगा, ट्रैफिक वहां भी रेंगता ही रहा। सड़क की एक साइड पूरी कब्जाने के बावजूद कांवड़िये दूसरी साइड में उछलकूद कर रहे थे। कांवड़ियों के जत्थे में हर ओर मनमानी हावी थी। तलवार, खुकरी और गुप्ती जैसे हथियारों का भी खूब प्रदर्शन हुआ। बड़ों से लेकर बच्चों के हाथ में भी तलवारें नजर आ रही थीं। पुलिस को देखकर प्रदर्शन का उन्माद बढ़ जाता लेकिन शांति व्यवस्था की खातिर सभी मूकदर्शक बने नजर आए।
डीएम-एसएसपी ने लिया जायजा
सावन की भीड़ का जायजा लेने के लिए डीएम वीरेंद्र कुमार सिंह और एसएसपी मुनिराज जी. भी सड़कों पर उतरे। सिविल लाइंस में भ्रमण के बाद वे लोग काफी देर तक कोतवाली में बैठे रहे। इसके बाद किला क्षेत्र स्थित अलखनाथ मंदिर के आसपास कांवड़ियों की भीड़ एवं व्यवस्था का जायजा लिया।
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सावन के अंतिम सोमवार को कांवड़ियों की इतनी भीड़ सड़क पर उतरी कि जगह-जगह जाम के हालात पैदा हो गए। जहां जाम नहीं भी लगा, ट्रैफिक वहां भी रेंगता ही रहा। सड़क की एक साइड पूरी कब्जाने के बावजूद कांवड़िये दूसरी साइड में उछलकूद कर रहे थे। कांवड़ियों के जत्थे में हर ओर मनमानी हावी थी। तलवार, खुकरी और गुप्ती जैसे हथियारों का भी खूब प्रदर्शन हुआ। बड़ों से लेकर बच्चों के हाथ में भी तलवारें नजर आ रही थीं। पुलिस को देखकर प्रदर्शन का उन्माद बढ़ जाता लेकिन शांति व्यवस्था की खातिर सभी मूकदर्शक बने नजर आए।
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डीएम-एसएसपी ने लिया जायजा
सावन की भीड़ का जायजा लेने के लिए डीएम वीरेंद्र कुमार सिंह और एसएसपी मुनिराज जी. भी सड़कों पर उतरे। सिविल लाइंस में भ्रमण के बाद वे लोग काफी देर तक कोतवाली में बैठे रहे। इसके बाद किला क्षेत्र स्थित अलखनाथ मंदिर के आसपास कांवड़ियों की भीड़ एवं व्यवस्था का जायजा लिया।
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