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पोस्टमार्टम से हुआ साफ खुदकुशी की थी फरहा ने
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बरेली
Updated Mon, 04 Jun 2018 01:22 AM IST
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करगैना की सोल्वीकोर प्लेसमेंट सेल के कार्यालय में फंदे पर लटकती मिली महिला कर्मचारी फरहा शबनम ने खुदकुशी की थी। डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम के बाद हैंगिंग से मौत यानी खुदकुशी की पुष्टि की। एहतियातन पीड़िता की स्लाइड भी तैयार की गई, लेकिन डॉक्टरों ने दुष्कर्म से इंकार किया है। पोस्टमार्टम के बाद रविवार को शव परिवार के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस अब हत्या की रिपोर्ट में धारा तरमीम करने की तैयारी कर रही है। ब्रांच मैनेजर सहित जिन तीन लोगों के नाम फरहा ने सुसाइड नोट में लिखे थे, उनके खिलाफ उसे आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा लगाई जाएगी। अभी तक पुलिस आरोपियों को पकड़ने में कामयाब नहीं हो सकी है।
वसंत विहार में रहने वाले रिटायर्ड बंदी रक्षक दिलावर हुसैन की 24 वर्षीय बेटी फरहा शबनम की लाश शनिवार दोपहर सोल्वीकोर प्लेसमेंट सेल के कार्यालय में बरामद हुई थी। कार्यालय के किचन की चौखट से लटकती मिली लाश के पैर जमीन पर टिके देखकर परिवार ने आरोप लगाया कि उनकी बेटी की हत्या करके लाश को लटकाया गया है। पुलिस ने एक नोटबुक से सुसाइड नोट भी बरामद किया था जिसमें फरहा ने अपने ब्रांच मैनेजर के धोखे से निराश होने की बात लिखी थी। परिवार ने आरोप लगाया था कि सुसाइड नोट गुमराह करने के लिए किसी और ने लिखकर छोड़ा है। पुलिस ने सुसाइड नोट की राइटिंग का मिलान कराया तो वह फरहा का ही लिखा निकला।
पीड़ित परिवार ने ब्रांच मैनेजर प्रशांत ठाकुर उर्फ मित्रपाल और वहां काम करने वाले अनिल तथा आकाश के खिलाफ हत्या की तहरीर सौंपी थी। इसके आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई थी। सुसाइड नोट में फरहा ने जिस अर्जुन ठाकुर का जिक्र किया है, उसका नाम परिवार वालों ने तहरीर में नहीं लिखा। पुलिस आरोपियों के घरों पर दबिश दे रही है, लेकिन अभी किसी को गिरफ्तार नहीं किया जा सका है।
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करगैना की सोल्वीकोर प्लेसमेंट सेल के कार्यालय में फंदे पर लटकती मिली महिला कर्मचारी फरहा शबनम ने खुदकुशी की थी। डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम के बाद हैंगिंग से मौत यानी खुदकुशी की पुष्टि की। एहतियातन पीड़िता की स्लाइड भी तैयार की गई, लेकिन डॉक्टरों ने दुष्कर्म से इंकार किया है। पोस्टमार्टम के बाद रविवार को शव परिवार के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस अब हत्या की रिपोर्ट में धारा तरमीम करने की तैयारी कर रही है। ब्रांच मैनेजर सहित जिन तीन लोगों के नाम फरहा ने सुसाइड नोट में लिखे थे, उनके खिलाफ उसे आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा लगाई जाएगी। अभी तक पुलिस आरोपियों को पकड़ने में कामयाब नहीं हो सकी है।
वसंत विहार में रहने वाले रिटायर्ड बंदी रक्षक दिलावर हुसैन की 24 वर्षीय बेटी फरहा शबनम की लाश शनिवार दोपहर सोल्वीकोर प्लेसमेंट सेल के कार्यालय में बरामद हुई थी। कार्यालय के किचन की चौखट से लटकती मिली लाश के पैर जमीन पर टिके देखकर परिवार ने आरोप लगाया कि उनकी बेटी की हत्या करके लाश को लटकाया गया है। पुलिस ने एक नोटबुक से सुसाइड नोट भी बरामद किया था जिसमें फरहा ने अपने ब्रांच मैनेजर के धोखे से निराश होने की बात लिखी थी। परिवार ने आरोप लगाया था कि सुसाइड नोट गुमराह करने के लिए किसी और ने लिखकर छोड़ा है। पुलिस ने सुसाइड नोट की राइटिंग का मिलान कराया तो वह फरहा का ही लिखा निकला।
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पीड़ित परिवार ने ब्रांच मैनेजर प्रशांत ठाकुर उर्फ मित्रपाल और वहां काम करने वाले अनिल तथा आकाश के खिलाफ हत्या की तहरीर सौंपी थी। इसके आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई थी। सुसाइड नोट में फरहा ने जिस अर्जुन ठाकुर का जिक्र किया है, उसका नाम परिवार वालों ने तहरीर में नहीं लिखा। पुलिस आरोपियों के घरों पर दबिश दे रही है, लेकिन अभी किसी को गिरफ्तार नहीं किया जा सका है।
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