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सुरक्षा के मद्देनजर घनी आबादी से हटाई जाएंगी अदालतें
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,बरेली
Updated Mon, 26 Mar 2018 06:36 PM IST
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कोर्ट
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इलाहाबाद उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश दिलीप बाबा साहेब भोसले ने आपसी सुलह और लोक अदालतों में मुकदमे निस्तारित कराने पर जोर दिया। कहा, लंबित वादों को प्राथमिकता से निपटाया जाना चाहिए। वह रविवार को यहां जजी सभागार में बरेली, बदायूं, पीलीभीत, शाहजहांपुर और रामपुर जिलों के न्यायालयों के कामकाज की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने निर्देश दिए कि लंबित वाद यथाशीघ्र निपटाएं। आपसी सुलह और लोक अदालतों से मुकदमे निस्तारित करें।
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मुख्य न्यायधीश ने कहा कि घनी आबादी के बीच स्थापित जिला न्यायालय भीड़भाड़ से असुरक्षित होने लगे हैं, इसलिए प्रमुख शहरों में स्थित जिला न्यायालयों को खुले स्थानों पर शिफ्ट किया जाना है। राज्य सरकार इस पर कार्य योजना बना रही रही है। सर्किट हाउस में बार एसोसिएशन पदाधिकारियों से मुलाकात के दौरान चीफ जस्टिस भोसले ने कहा कि घने आबादी के बीच स्थापित जिला न्यायालयों को सुरक्षित खुली जगह पर शिफ्ट करना प्रस्तावित है। बढ़ते वाद और वादकारियों की वजह भीड़ और बढ़ने लगी है। विचाराधीन कैदियों के आने से भी समस्या होती है। नए स्थान पर कोर्ट शिफ्ट करने के लिए कम से कम 30 एकड़ भूमि चाहिए। बार एसोसिएशन अध्यक्ष घनश्याम शर्मा आदि ने सुझाव दिया कि कोर्ट परिसर पुरानी जेल की भूमि पर शिफ्ट किया जाए। इसमें 50 एकड़ भूमि आसानी से ली जा सकती है। इससे कोर्ट, आवास, वकील चैंबर्स, पार्किंग आदि निर्माण हो सकता है। मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि वह मुख्यमंत्री के साथ होने वाली बैठक में इसे रखेंगे। मुख्य न्यायाधीश ने अधिवक्ताओं की समस्याओं के भी त्वरित निदान का निर्देश दिया।
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बार अध्यक्ष शर्मा ने बताया कि हाईकोर्ट इलाहाबाद अधिक दूर होने से सस्ता न्याय मिलने में समस्याएं आ रही हैं, इसलिए पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बैंच बननी चाहिए, इसके लिए बरेली सबसे उपयुक्त स्थान रहेगा। इसपर उन्होंने जिला जज राजवीर सिंह से कहा कि वह प्रस्ताव बनाकर भेजें। इससे पहले वरिष्ठ अधिवक्ता राधाकमल सारस्वत, भारत भूषण शील, राजेश यादव आदि ने चीफ जस्टिस का स्वागत किया। एसोसिएशन अध्यक्ष ने 125 वर्ष पूरे होने पर बरेली बार की हीरक जयंती के कार्यक्रम में मुख्य न्यायाधीश को आमंत्रित किया। मुख्य न्यायाधीश दिलीप बी. भोसले के आगमन पर जिला जज राजवीर सिंह, जिलाधिकारी वीरेंद्र कुमार सिंह और एसएसपी जोगेंद्र कुमार ने उनकी अगवानी की।
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