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खेल-खेल में पढ़ना ही नहीं अब लिखना भी सीखेंगे बच्चे
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बरेली के रिछा ब्लॉक की एआरपी डॉ. देव कुमारी की किट का अंतिम तीन में चयन
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रिछा। ऑपरेशन कायाकल्प से स्कूलों की सूरत बदलने के साथ ही अब शिक्षण व्यवस्था में सुधार के लिए प्रदेश स्तर पर भाषायी और गणित की किट तैयार की जा रही हैं। बच्चों को खेल-खेल में लिखना सिखाने के लिए रिछा ब्लॉक की एआरपी डॉ. देव कुमारी गंगवार द्वारा तैयार की गई किट को प्रदेश सत्र पर अंतिम तीन में शामिल किया गया है।
पिछले दिनों पूर्व प्राथमिक, प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक स्कूलों के बच्चों के लिए शिक्षण अधिगम सामग्री निर्माण के लिए लखनऊ में एनसीईआरटी की कार्यशाला हुई थी। इसमें भाषा और मैथ्स लर्निंग किट निर्माण के लिए बरेली से अकेडमिक रिसोर्स पर्सन (एआरपी) डॉ. देव कुमारी गंगवार शामिल हुई थीं। उन्होंने अपनी किट की रिपोर्ट पेश की। एनसीईआरटी ने उसे अंतिम तीन में स्थान दिया है। बरेली के मठ की चौकी निवासी डॉ. देव कुमारी ने बताया कि वह लखनऊ में किट को अंतिम रूप दे रही हैं। यह किट शिक्षण के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगी। अब तक खेल-खेल में पढ़ने की बात होती थी, लेकिन उनकी किट से बच्चे खेल-खेल में पढ़ने के साथ ही लिखना भी सीखेंगे।
पिछले दिनों पूर्व प्राथमिक, प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक स्कूलों के बच्चों के लिए शिक्षण अधिगम सामग्री निर्माण के लिए लखनऊ में एनसीईआरटी की कार्यशाला हुई थी। इसमें भाषा और मैथ्स लर्निंग किट निर्माण के लिए बरेली से अकेडमिक रिसोर्स पर्सन (एआरपी) डॉ. देव कुमारी गंगवार शामिल हुई थीं। उन्होंने अपनी किट की रिपोर्ट पेश की। एनसीईआरटी ने उसे अंतिम तीन में स्थान दिया है। बरेली के मठ की चौकी निवासी डॉ. देव कुमारी ने बताया कि वह लखनऊ में किट को अंतिम रूप दे रही हैं। यह किट शिक्षण के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगी। अब तक खेल-खेल में पढ़ने की बात होती थी, लेकिन उनकी किट से बच्चे खेल-खेल में पढ़ने के साथ ही लिखना भी सीखेंगे।
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