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इंस्पेक्टर और कांस्टेबल के खिलाफ चार्जशीट दाखिल
बरेली
Updated Fri, 08 Dec 2017 02:27 AM IST
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मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) कुसुमलता राठौर के घर में घुसकर लूटपाट, बच्चे के अपहरण की कोशिश और जानलेवा हमले के मामले में कोतवाली पुलिस ने लखनऊ जोन की इंस्पेक्टर अनुपम सिंह और महिला कांस्टेबल लता शर्मा के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी है। इधर, जनपद न्यायालय से जमानत अर्जी खारिज होने के बाद इंस्पेक्टर और कांस्टेबल ने हाईकोर्ट में जमानत अर्जी दाखिल कर दी है।
जज कॉलोनी में सीजेएम कुसुमलता राठौर के घर में 11 अक्तूबर को सादा कपड़ों में इंस्पेक्टर अनुपम सिंह और कांस्टेबल लता शर्मा निजी कार से पहुंची थीं। अनुपम के मुताबिक दोनों के परिवार लखनऊ की आशियाना कॉलोनी में पड़ोसी हैं, सो उनका पुराना परिचय है। सीजेएम का आरोप था कि बातचीत के दौरान इंस्पेक्टर उनसे झगड़ा करने लगी और मारपीट करते हुए गले से सोने की चेन लूट ली। उन्हें बचाने दौड़ी नौकरानी जया का गला दबाकर उसकी हत्या करने की कोशिश की। इसके बाद दोनों ने सीजेएम समेत उनके परिवार को बंधक बना लिया। सीजेएम के पिता के दत्तक पुत्र कुशाग्र का अपहरण करने की कोशिश भी की। कोतवाली पुलिस ने सीजेएम की ओर से रिपोर्ट दर्ज होने के बाद दोनों इंस्पेक्टर और कांस्टेबल को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था। तब से दोनों जेल में ही हैं।
धाराओं का यथावत रखा गया
इंस्पेक्टर और कांस्टेबल ने जमानत के लिए जनपद न्यायालय में अर्जी दाखिल की थी, लेकिन कोर्ट ने उसे खारिज कर दिया। कोतवाली एसएसआई अजय सिंह ने बताया कि अब दोनों ने जमानत के लिए हाईकोर्ट में अर्जी दी है। चार्जशीट में घर में घुसकर मारपीट करने, बंधक बनाने, जानलेवा हमले, लूट और बच्चे के अपहरण की धाराओं को यथावत रखा गया है।
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पुलिस की जांच में आरोप सही पाए गए हैं। दोनों महिला पुलिसकर्मियों के खिलाफ विवेचना पूरी करके चार्जशीट कोर्ट में दाखिल कर दी गई है।
- कुलदीप कुमार, सीओ सिटी
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जज कॉलोनी में सीजेएम कुसुमलता राठौर के घर में 11 अक्तूबर को सादा कपड़ों में इंस्पेक्टर अनुपम सिंह और कांस्टेबल लता शर्मा निजी कार से पहुंची थीं। अनुपम के मुताबिक दोनों के परिवार लखनऊ की आशियाना कॉलोनी में पड़ोसी हैं, सो उनका पुराना परिचय है। सीजेएम का आरोप था कि बातचीत के दौरान इंस्पेक्टर उनसे झगड़ा करने लगी और मारपीट करते हुए गले से सोने की चेन लूट ली। उन्हें बचाने दौड़ी नौकरानी जया का गला दबाकर उसकी हत्या करने की कोशिश की। इसके बाद दोनों ने सीजेएम समेत उनके परिवार को बंधक बना लिया। सीजेएम के पिता के दत्तक पुत्र कुशाग्र का अपहरण करने की कोशिश भी की। कोतवाली पुलिस ने सीजेएम की ओर से रिपोर्ट दर्ज होने के बाद दोनों इंस्पेक्टर और कांस्टेबल को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था। तब से दोनों जेल में ही हैं।
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धाराओं का यथावत रखा गया
इंस्पेक्टर और कांस्टेबल ने जमानत के लिए जनपद न्यायालय में अर्जी दाखिल की थी, लेकिन कोर्ट ने उसे खारिज कर दिया। कोतवाली एसएसआई अजय सिंह ने बताया कि अब दोनों ने जमानत के लिए हाईकोर्ट में अर्जी दी है। चार्जशीट में घर में घुसकर मारपीट करने, बंधक बनाने, जानलेवा हमले, लूट और बच्चे के अपहरण की धाराओं को यथावत रखा गया है।
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पुलिस की जांच में आरोप सही पाए गए हैं। दोनों महिला पुलिसकर्मियों के खिलाफ विवेचना पूरी करके चार्जशीट कोर्ट में दाखिल कर दी गई है।
- कुलदीप कुमार, सीओ सिटी