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Bareilly News: मस्जिदों में सजी जश्न-ए-कुरान की महफिल
Mon, 08 Apr 2024 02:28 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Mon, 08 Apr 2024 02:28 AM IST
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आंवला/देवरनियां। रहमतो बरकतो के महीने रमजान में फूटा दरवाजा स्थित कादरी चौक मस्जिद में तरावीह में कुरान मजीद की तिलावत मुकम्मल होने पर जलसा हुआ। हाफिज शाहन्याज अख्तर ने कुरान मजीद सुनाया। कस्बे की अन्य मस्जिदों में भी जश्ने मुकम्मल कुरान मनाया गया।
इस दौरान हुए जलसे को खिताब करते हुए हाफिज शाहन्याज अख्तर ने कुरान की फजीलत बयान की। उन्होंने कहा कि कुरान मजीद अल्लाह की भेजी ऐसी किताब है जो हाफिजों के सीने में रोज-ए-कयामत तक महफूज रहेगी। इस दौरान मस्जिद को सजाया गया। जलसे में नातो मनकवत पढ़ी गई।महफिल में आसिफ रजा, चांद बाबू, उमैर खान, अरशान खान, इकरार, तय्यब खान आदि उपस्थित रहे।
वहीं रिछा की मोती मस्जिद में रमजान के आखिरी असरे की 27 वीं शब (शबे कद्र) पर कुरान-ए-पाक मुकम्मल का जश्न मनाया गया। इस मौके पर शबे कद्र रात की अहमियत को बयान किया गया। इमाम हजरत मौलाना हाफिज मुबीन ने कुरान-ए-पाक सुनाया। कुरान सुनाने वाले हाफिज मुबीन और कुरान को सुनने वाले हाफिज रफीक को मस्जिद कमेटी की जानिब से नजराना पेश कर सम्मानित किया गया।
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इस दौरान हुए जलसे को खिताब करते हुए हाफिज शाहन्याज अख्तर ने कुरान की फजीलत बयान की। उन्होंने कहा कि कुरान मजीद अल्लाह की भेजी ऐसी किताब है जो हाफिजों के सीने में रोज-ए-कयामत तक महफूज रहेगी। इस दौरान मस्जिद को सजाया गया। जलसे में नातो मनकवत पढ़ी गई।महफिल में आसिफ रजा, चांद बाबू, उमैर खान, अरशान खान, इकरार, तय्यब खान आदि उपस्थित रहे।
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वहीं रिछा की मोती मस्जिद में रमजान के आखिरी असरे की 27 वीं शब (शबे कद्र) पर कुरान-ए-पाक मुकम्मल का जश्न मनाया गया। इस मौके पर शबे कद्र रात की अहमियत को बयान किया गया। इमाम हजरत मौलाना हाफिज मुबीन ने कुरान-ए-पाक सुनाया। कुरान सुनाने वाले हाफिज मुबीन और कुरान को सुनने वाले हाफिज रफीक को मस्जिद कमेटी की जानिब से नजराना पेश कर सम्मानित किया गया।
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