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बीडीए की ज्यादती बर्दाश्त नहीं, टिकैत के सामने उठेगा मुद्दा : भाकियू
Mon, 22 Sep 2025 01:59 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Mon, 22 Sep 2025 01:59 AM IST
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बरेली। भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के जिलाध्यक्ष चौधरी सोमवीर सिंह ने रविवार को पुराने बस अड्डे के पास स्थित कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में कहा कि उनके राष्ट्रीय नेता राकेश टिकैत मंगलवार को बरेली आ रहे हैं। उनको बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) की ज्यादती के बारे में बताएंगे। बीडीए से पीड़ित किसानों को राकेश टिकैत से मिलवाएंगे। बीडीए की जोर-जबरदस्ती से भूमिहीन हुए अधिकतर किसान कोर्ट-कचहरी के चक्कर लगा रहे हैं।
जिलाध्यक्ष ने बताया कि संगठन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत मंगलवार सुबह 11 बजे नेहरू युवा केंद्र में प्रस्तावित कार्यक्रम में शामिल होंगे। इस दौरान 17 बिंदुओं पर चर्चा होगी। बीडीए ने वर्ष 2005 में रामगंगानगर आवासीय योजना के लिए चंद्रपुर बिचपुरी, डोहरिया, अहरौला और मोहनपुर उर्फ रामनगर के 1600 किसानों की 259.360 हेक्टेयर जमीन ले ली थी। इसमें से ज्यादातर किसानों की सहमति के बगैर ही उनकी जमीन छीन ली गई थी। मुआवजा 7500 के बजाय 165.51 रुपये प्रति वर्गमीटर की दर से दिया तो 150 से अधिक किसान कोर्ट चले गए। 30-35 किसानों के मुकदमे में फैसला भी आ गया, जिसे बीडीए मान नहीं रहा है।
जिलाध्यक्ष ने कहा कि ग्रेटर बरेली योजना में भी बीडीए ने नौ गांवों के किसानों की सहमति के बिना 267.1925 हेक्टेयर जमीन ले ली है। जमीन देने से मना करने वाले 700 से अधिक किसानों पर जिला प्रशासन दबाव बना रहा है। इस दौरान जिला प्रवक्ता हाजी एम. इकबाल, सत्यदेव सिंह, राजेंद्र सिंह ने भी अलग-अलग मुद्दे उठाए।
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जिलाध्यक्ष ने बताया कि संगठन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत मंगलवार सुबह 11 बजे नेहरू युवा केंद्र में प्रस्तावित कार्यक्रम में शामिल होंगे। इस दौरान 17 बिंदुओं पर चर्चा होगी। बीडीए ने वर्ष 2005 में रामगंगानगर आवासीय योजना के लिए चंद्रपुर बिचपुरी, डोहरिया, अहरौला और मोहनपुर उर्फ रामनगर के 1600 किसानों की 259.360 हेक्टेयर जमीन ले ली थी। इसमें से ज्यादातर किसानों की सहमति के बगैर ही उनकी जमीन छीन ली गई थी। मुआवजा 7500 के बजाय 165.51 रुपये प्रति वर्गमीटर की दर से दिया तो 150 से अधिक किसान कोर्ट चले गए। 30-35 किसानों के मुकदमे में फैसला भी आ गया, जिसे बीडीए मान नहीं रहा है।
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जिलाध्यक्ष ने कहा कि ग्रेटर बरेली योजना में भी बीडीए ने नौ गांवों के किसानों की सहमति के बिना 267.1925 हेक्टेयर जमीन ले ली है। जमीन देने से मना करने वाले 700 से अधिक किसानों पर जिला प्रशासन दबाव बना रहा है। इस दौरान जिला प्रवक्ता हाजी एम. इकबाल, सत्यदेव सिंह, राजेंद्र सिंह ने भी अलग-अलग मुद्दे उठाए।
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