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दर्दनाक: ससुर को अजय के करीबियों पर शक, कहा- वो एक चाबी साथ ले गए; बड़ा सवाल-पेट्रोल पाइप किसने और क्यों काटे?
Tue, 30 Jan 2024 09:53 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, बरेली
अमर उजाला नेटवर्क, बरेली
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 30 Jan 2024 09:53 AM IST
सार
बरेली में एक ही परिवार के पांच लोगों की संदिग्ध मौत के मामले में नया मोड़ आ गया है। मृतक अजय के ससुर ने गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने करीबियों पर ही शक जताया है। उन्होंने कहा कि मिलने वाले लोगों को ही घर की सारी गतिविधियां पता थीं। ताले की कितनी चाबियां हैं और वे कहां रहती हैं।
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Bareilly fire news
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
बरेली में एक ही परिवार के पांच लोगों की संदिग्ध मौत के मामले में अजय के ससुर चंद्रसेन ने आरोप लगाया कि पुलिस हत्या का राज छिपाने के लिए इसे हादसा बता रही है। सरकारी सहायता का प्रलोभन देकर मामले को दबाना चाहती है।
उन्होंने अजय के करीबियों पर ही हत्या का शक जताया। कहा कि मिलने वाले लोगों को ही घर की सारी गतिविधियां पता थीं। ताले की कितनी चाबियां हैं और वे कहां रहती हैं, यह भी जानकारी रही होगी। इसी का फायदा उठाते हुए तीन-चार लोग घर में पहुंचे होंगे और उन्होंने अजय के साथ खाया-पीया होगा।
पूरे परिवार को किसी तरह अचेत करके मोटरसाइकिलों से पेट्रोल निकालकर उनको जला दिया होगा। जलने के दौरान पांचों सदस्यों में से कोई भी खुद को बचाने के लिए उठकर भाग भी नहीं सका। हर ताले की तीन चाबियां होती हैं।
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हो सकता है कि आरोपियों ने गुच्छे से एक चाबी निकालकर बाहर से ताला लगा दिया हो। हत्या को हादसे का रूप देने के लिए ब्लोअर को सोफे के पास रख दिया होगा। आरोपी दीवार के सहारे छत पर चढ़कर फरार हो गए होंगे।
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उन्होंने अजय के करीबियों पर ही हत्या का शक जताया। कहा कि मिलने वाले लोगों को ही घर की सारी गतिविधियां पता थीं। ताले की कितनी चाबियां हैं और वे कहां रहती हैं, यह भी जानकारी रही होगी। इसी का फायदा उठाते हुए तीन-चार लोग घर में पहुंचे होंगे और उन्होंने अजय के साथ खाया-पीया होगा।
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पूरे परिवार को किसी तरह अचेत करके मोटरसाइकिलों से पेट्रोल निकालकर उनको जला दिया होगा। जलने के दौरान पांचों सदस्यों में से कोई भी खुद को बचाने के लिए उठकर भाग भी नहीं सका। हर ताले की तीन चाबियां होती हैं।
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हो सकता है कि आरोपियों ने गुच्छे से एक चाबी निकालकर बाहर से ताला लगा दिया हो। हत्या को हादसे का रूप देने के लिए ब्लोअर को सोफे के पास रख दिया होगा। आरोपी दीवार के सहारे छत पर चढ़कर फरार हो गए होंगे।
चंद्रसेन ने बताया कि अजय की बेटी दिव्यांका भले ही छह वर्ष की थी, लेकिन बहुत होशियार थी। एक बार किसी व्यक्ति को देख लेती तो उसे कहीं भी पहचान लेती थी। इसलिए आरोपियों ने खुद के पहचाने जाने की आशंका में बच्चों को भी मौत के घाट उतार दिया होगा।
बड़ा सवाल : घर में खड़ी बाइकों के पेट्रोल पाइप किसने और क्यों काटे
घर में खड़ी तीनों बाइकों के पेट्रोल पाइप किसने और किस उद्देश्य से काटे, इसका किसी के पास कोई जवाब नहीं है। पुलिस ने भी इस सवाल पर चुप्पी साध रखी है।
घर में खड़ी तीनों बाइकों के पेट्रोल पाइप किसने और किस उद्देश्य से काटे, इसका किसी के पास कोई जवाब नहीं है। पुलिस ने भी इस सवाल पर चुप्पी साध रखी है।
परिवारवालों के अनुसार ये तीनों बाइकें अजय के घर में रोज आती-जाती थीं और ऐसा भी नहीं है कि वे काफी समय से घर में खड़ी रही हों। रोज आने-जाने वाली बाइकों की पेट्रोल की टंकी खाली कैसे हो सकती है, अभी तक यह सवाल भी अनुत्तरित है। परिजनों ने यह मामला उठाया तो पुलिस ने इसे नकार दिया।
राजफाश नहीं हुआ तो अनिश्चितकाल के लिए बाजार बंद करने की चेतावनी
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के प्रांतीय महामंत्री राजेंद्र गुप्ता ने पीड़ित परिवार से मिलकर शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि मामला हत्या जैसा ही लग रहा है। अगर पुलिस इसका ठीक से राजफाश नहीं करती है तो फरीदपुर के व्यापारी अनिश्चितकाल के लिए बाजार बंद करेंगे।
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के प्रांतीय महामंत्री राजेंद्र गुप्ता ने पीड़ित परिवार से मिलकर शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि मामला हत्या जैसा ही लग रहा है। अगर पुलिस इसका ठीक से राजफाश नहीं करती है तो फरीदपुर के व्यापारी अनिश्चितकाल के लिए बाजार बंद करेंगे।
राजेंद्र गुप्ता ने पुलिस के रवैये पर नाराजगी जताई। व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने कहा कि जिस तरह से ताला लगे बंद कमरे के अंदर पांच लोगों की जलकर मौत हुई है, उससे स्पष्ट हो रहा है कि यह हादसा नहीं हत्या है।
कमरे का कुंडा तोड़ने वाले लोगों को झुठलाकर पुलिस कुंडा पहले से टूटा होने की कहानी बताकर हादसे का रूप दे रही है। प्रांतीय संगठन मंत्री अनुज पांडे, नगर महामंत्री महावीर जायसवाल, अनुज शुक्ला, युवा व्यापार मंडल नगर अध्यक्ष ब्रह्माशंकर गुप्ता, शुभम गुप्ता, केशव अग्रवाल, डबलू भारद्वाज समेत कई व्यापारी साथ रहे।