{"_id":"5f31b1d98ebc3e4104548ada","slug":"ban-on-janmashtami-processions-will-not-be-allowed-to-gather-in-temples-bareilly-news-bly4157530118","type":"story","status":"publish","title_hn":"जन्माष्टमी शोभायात्राओं पर रहेगी पाबंदी मंदिरों में भी नहीं जुटने दी जाएगी भीड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जन्माष्टमी शोभायात्राओं पर रहेगी पाबंदी मंदिरों में भी नहीं जुटने दी जाएगी भीड़
विज्ञापन
जन्माष्टमी के मद्देनजर बरेली के बाजारों में खूब लग रही है भीड़।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एडीजी बोले- सामाजिक दूरी का पालन करना होगा
विज्ञापन
एसएसपी ने गांव ममरी नवादा में लोगों को समझाया
बरेली। कोरोना संक्रमण की वजह से इस बार जन्माष्टमी का पर्व भी सामाजिक दूरी को ध्यान में रखकर ही मनाया जाएगा। कहीं भी शोभायात्रा, जुलूस या झांकी निकालने को अनुमति नहीं दी जाएगी। मंदिरों में भी भीड़ नहीं जुटने दी जाएगी। एक बार में पांच से ज्यादा लोग प्रवेश नहीं कर सकेंगे। एडीजी ने इस बारे में गाइडलाइन जारी कर दी है।
एडीजी अविनाश चंद्र ने बताया कि हाल ही में हुए दूसरे त्योहारों की तरह ही जन्माष्टमी का पर्व भी लोग घरों में ही मनाएंगे। मंदिरों में सजावट तो होगी, लेकिन एक बार में अधिकतम पांच लोग ही दर्शन कर सकेंगे। पुजारियों को भी इस बात की हिदायत दे दी गई है कि भीड़ जुटी तो उनकी जिम्मेदारी होगी। सभी नौ जिलों के पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिया गया है कि वह थाना प्रभारियों को बता दें कि उनके इलाकों में जुलूस, शोभायात्रा जैसी कोई धार्मिक गतिविधि न हो। स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम भी सामाजिक दूरी के दायरे में रहकर ही मनाए जाएंगे।
विज्ञापन
इधर, एसएसपी शैलेश पांडेय ने देवरनिया क्षेत्र के गांव मगरी नवादा में जन्माष्टमी के मद्देनजर गोष्ठी की। यहां स्कूल परिसर में लोगों से सीधा संवाद कर एसएसपी ने जन्माष्टमी का पर्व सादगी के साथ भाईचारे से मनाने को कहा। बोले, जन्माष्टमी पर मंदिरों में भीड़ न लगाएं। दर्शन करने के लिए पांच-पांच के समूह में ही जाएं और सामाजिक दूरी का पूरी तरह पालन करें। किसी तरह का कोई जुलूस या झांकी न निकालें।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
एसएसपी ने गांव ममरी नवादा में लोगों को समझाया बरेली। कोरोना संक्रमण की वजह से इस बार जन्माष्टमी का पर्व भी सामाजिक दूरी को ध्यान में रखकर ही मनाया जाएगा। कहीं भी शोभायात्रा, जुलूस या झांकी निकालने को अनुमति नहीं दी जाएगी। मंदिरों में भी भीड़ नहीं जुटने दी जाएगी। एक बार में पांच से ज्यादा लोग प्रवेश नहीं कर सकेंगे। एडीजी ने इस बारे में गाइडलाइन जारी कर दी है।
एडीजी अविनाश चंद्र ने बताया कि हाल ही में हुए दूसरे त्योहारों की तरह ही जन्माष्टमी का पर्व भी लोग घरों में ही मनाएंगे। मंदिरों में सजावट तो होगी, लेकिन एक बार में अधिकतम पांच लोग ही दर्शन कर सकेंगे। पुजारियों को भी इस बात की हिदायत दे दी गई है कि भीड़ जुटी तो उनकी जिम्मेदारी होगी। सभी नौ जिलों के पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिया गया है कि वह थाना प्रभारियों को बता दें कि उनके इलाकों में जुलूस, शोभायात्रा जैसी कोई धार्मिक गतिविधि न हो। स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम भी सामाजिक दूरी के दायरे में रहकर ही मनाए जाएंगे।
विज्ञापन
इधर, एसएसपी शैलेश पांडेय ने देवरनिया क्षेत्र के गांव मगरी नवादा में जन्माष्टमी के मद्देनजर गोष्ठी की। यहां स्कूल परिसर में लोगों से सीधा संवाद कर एसएसपी ने जन्माष्टमी का पर्व सादगी के साथ भाईचारे से मनाने को कहा। बोले, जन्माष्टमी पर मंदिरों में भीड़ न लगाएं। दर्शन करने के लिए पांच-पांच के समूह में ही जाएं और सामाजिक दूरी का पूरी तरह पालन करें। किसी तरह का कोई जुलूस या झांकी न निकालें।