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मीडिया के सवालों का नहीं दिया जवाब, चुपचाप लौटकर घर में कैद हुए अजितेश के दादा-दादी और बहन
Sat, 20 Jul 2019 06:32 AM IST
Abhishek Singh
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बरेली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बरेली
Published by: Abhishek Singh
Updated Sat, 20 Jul 2019 06:32 AM IST
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साक्षी मिश्रा और अजितेश
- फोटो : ANI
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वीर सावरकर नगर में करीब 15 दिनों से सन्नाटे में डूबा अजितेश उर्फ अभि यो यो सिंह का घर शुक्रवार को फिर आबाद हो गया। दोपहर के वक्त अचानक अजितेश के दादा-दादी और बहन कार से यहां पहुंचे और आस-पड़ोस के लोगों से निगाहें मिलाने से बचते हुए चुपचाप घर में घुसे और फिर बाहर नहीं निकले। घर के बाहर मौजूद अमर उजाला की टीम ने घर में घुसते वक्त उनसे बात करने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने बात नहीं की।
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अजितेश 3 जुलाई को बिथरी के विधायक राजेश मिश्रा उर्फ पप्पू भरतौल की बेटी साक्षी को लेकर भाग निकला था। विधायक इस दौरान अपनी पत्नी का इलाज कराने लखनऊ गए हुए थे और उनका बेटा विक्की किसी बीमार रिश्तेदार को देखने दिल्ली गया हुआ था। 9 जुलाई को साक्षी का एक वीडियो वायरल हुआ जिसमें उसने अजितेश के साथ शादी कर लेने की जानकारी देते हुए अपने विधायक पिता से जान का खतरा बताया तो यह प्रकरण मीडिया की सुर्खियों में आ गया।
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इसी बीच अजितेश के नशा करते और हथियारों का प्रदर्शन करते हुए तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हुईं। यह भी खुलासा हुआ कि उसने भोपाल में एक लड़की से सगाई कर रखी थी तो वह सोशल मीडिया में निशाने पर आ गया। टीवी चैनल की डिबेट में पिता पर निशाना साधने को लेकर साक्षी को भी जमकर ट्रोल किया गया। इस बीच दहशत में आए अजितेश के परिवार के लोगों ने घर में ताला लगाकर शहर छोड़ दिया था।
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इसके बाद अफसरों ने अजितेश के घर पर सुरक्षा के लिहाज से चार सशस्त्र पुलिस कर्मियों की तैनाती कर दी थी। दो-दो पुलिसकर्मी तभी से बारह-बारह घंटे की शिफ्ट में यहां ड्यूटी दे रहे हैं। पंद्रह दिन बाद शुक्रवार दोपहर दो बजे अचानक अजितेश के दादा मोहन लाल, दादी सुशीला देवी और बहन अवंतिका घर लौटे। उनके साथ इसी घर में रहकर पढ़ाई कर रही अजितेश की बुआ की बेटी श्रुति भी थी। घर पर तैनात पुलिस वालों ने पड़ोस से कुछ लोगों को बुलाकर तस्दीक की कि वे अजितेश के ही परिवार के लोग हैं और इसके बाद उन्हें अंदर जाने दिया गया।
सहमे हुए चेहरे, इधर-उधर नजर भी नहीं उठाई
टैक्सी से पहुंचे अजितेश के परिवार के चारों सदस्यों के चेहरों पर हाल के घटनाक्रम की छाप साफ दिखाई दे रही थी। चारों के चेहरे सहमे हुए थे। घर में सबसे पहले अजितेश की दादी और बहन घुसीं। उसके बाद उसके दादा और बुआ की बेटी। किसी ने भी पड़ोसियों से बातचीत तो दूर इधर-उधर नजर भी उठाकर नहीं देखा। ये लोग अजितेश के साक्षी की शादी की खबर सार्वजनिक होने के बाद घर छोड़कर अपनी रिश्तेदारियों में चले गए थे। इन्हें लाने वाले टैक्सी ड्राइवर ने बताया कि वह टूंडला से बुकिंग लेकर आया है।
अजितेश-साक्षी के साथ भाई-भाभी और पिता अब भी रिश्तेदारों की शरण में
अजितेश के दादा-दादी और बहन तो लौट आए, लेकिन साक्षी के साथ परिवार के बाकी लोगों ने अब भी रिश्तेदारों के यहां पनाह ले रखी है। अजितेश के परिवार में उसके पिता हरीश नायक के अलावा उसके बड़े भाई अभिषेक, उनकी पत्नी गुंजन और दो साल की बेटी है। ये लोग अब भी बाहर ही हैं। अजितेश की मां की मौत 16 अक्तूबर 2015 को हो चुकी है।