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हादसे के बाद युवक को खंडहर में फेंका, इलाज के दौरान मौत
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रमेश (फाइल फोटो)
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इज्जतनगर रेलवे कॉलोनी का मामला, टेंपो पर हेल्पर था मृतक
बरेली। इज्जतनगर की पुरानी रेलवे लोको कॉलोनी में रहने वाले 48 वर्षीय रमेश सड़क हादसे में घायल हो गए तो लोग उन्हें रेलवे के खंडहर में फेंककर भाग निकले। सूचना पर पहुंचे परिजन ने रमेश को जिला अस्पताल में भर्ती कराया मगर इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
इज्जतनगर मंडल में रेलवे टेक्नीशियन दिलीप ने बताया कि छोटे भाई रमेश अपने परिवार के साथ उनके साथ ही रहते हैं। परिवार चलाने के लिए वह टेंपो पर हेल्पर का काम करते थे। रोजाना की तरह ही मंगलवार सुबह सात बजे रमेश अपने घर से निकले और फिर नहीं लौटे। शाम करीब साढ़े छह बजे उन लोगों को सूचना मिली की रमेश घायल अवस्था में कुदेशिया के पास रेलवे के एक खंडहर में पड़े हैं। वे लोग मौके पर पहुंचे और रमेश को ले जाकर जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां रात करीब साढ़े 11 बजे उनकी मौत हो गई। दिलीप ने कहा कि उनके भाई की किसी से रंजिश नहीं थी, इसलिए हमले की आशंका भी नहीं है। उन्हें आशंका है कि सड़क हादसे में घायल होने के बाद घर पहुंचाने के बहाने कोई उन्हें खंडहर में छोड़कर भाग निकला हो। बताया कि रमेश के परिवार में उनकी पत्नी रीना देवी और दो बच्चे यश और आयुष हैं। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजन को सौंप दिया है।
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बरेली। इज्जतनगर की पुरानी रेलवे लोको कॉलोनी में रहने वाले 48 वर्षीय रमेश सड़क हादसे में घायल हो गए तो लोग उन्हें रेलवे के खंडहर में फेंककर भाग निकले। सूचना पर पहुंचे परिजन ने रमेश को जिला अस्पताल में भर्ती कराया मगर इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
इज्जतनगर मंडल में रेलवे टेक्नीशियन दिलीप ने बताया कि छोटे भाई रमेश अपने परिवार के साथ उनके साथ ही रहते हैं। परिवार चलाने के लिए वह टेंपो पर हेल्पर का काम करते थे। रोजाना की तरह ही मंगलवार सुबह सात बजे रमेश अपने घर से निकले और फिर नहीं लौटे। शाम करीब साढ़े छह बजे उन लोगों को सूचना मिली की रमेश घायल अवस्था में कुदेशिया के पास रेलवे के एक खंडहर में पड़े हैं। वे लोग मौके पर पहुंचे और रमेश को ले जाकर जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां रात करीब साढ़े 11 बजे उनकी मौत हो गई। दिलीप ने कहा कि उनके भाई की किसी से रंजिश नहीं थी, इसलिए हमले की आशंका भी नहीं है। उन्हें आशंका है कि सड़क हादसे में घायल होने के बाद घर पहुंचाने के बहाने कोई उन्हें खंडहर में छोड़कर भाग निकला हो। बताया कि रमेश के परिवार में उनकी पत्नी रीना देवी और दो बच्चे यश और आयुष हैं। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजन को सौंप दिया है।
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