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भागवत कथा सुनने मात्र से कट जाते हैं पाप
Updated Tue, 27 Jun 2017 09:07 PM IST
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बरेली।
बाबा त्रिवटीनाथ मंदिर में आयोजित संगीतमयी श्रीमद्भागवत कथा के पहले दिन कथा व्यास पंडित डॉ. सुरेश शास्त्री ने कहा कि जिस तरह सिंह की गर्जना से सभी प्रकार के जीव जंतु भाग जाते हैं उसी तरह श्रीमद्भागवत कथा को सुनने मात्र से मनुष्य के जीवन से पाप दूर हो जाते हैं। मनुष्य अज्ञानता से ज्ञानता के मार्ग पर अग्रसर हो जाता है। कथा व्यास कहते हैं कि हिंदू धर्म के जितने भी ग्रंथ हैं उसमें श्रीमद्भागवत का स्थान सर्वोपरि है। मनुष्य को जीवन में सत्य के मार्ग पर चलने का साहस तथा संबल श्रीमद्भागवत कथा को सुनने से आ सकता है। उन्होंने कहा कि जो पुण्य गंगा स्नान करने से अथवा गो सेवा करने से हो सकता है उससे भी अधिक फल की प्राप्ति श्रीमद्भागवत कथा की श्रवण से हो सकती है। कथा के बाद आरती हुई तथा प्रसाद वितरण हुआ। मंदिर कमेटी के प्रताप चंद्र सेठ, हरिओम अग्रवाल, शांतनु रोहतगी व संजीव औतार अग्रवाल का सहयोग रहा।
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बाबा त्रिवटीनाथ मंदिर में आयोजित संगीतमयी श्रीमद्भागवत कथा के पहले दिन कथा व्यास पंडित डॉ. सुरेश शास्त्री ने कहा कि जिस तरह सिंह की गर्जना से सभी प्रकार के जीव जंतु भाग जाते हैं उसी तरह श्रीमद्भागवत कथा को सुनने मात्र से मनुष्य के जीवन से पाप दूर हो जाते हैं। मनुष्य अज्ञानता से ज्ञानता के मार्ग पर अग्रसर हो जाता है। कथा व्यास कहते हैं कि हिंदू धर्म के जितने भी ग्रंथ हैं उसमें श्रीमद्भागवत का स्थान सर्वोपरि है। मनुष्य को जीवन में सत्य के मार्ग पर चलने का साहस तथा संबल श्रीमद्भागवत कथा को सुनने से आ सकता है। उन्होंने कहा कि जो पुण्य गंगा स्नान करने से अथवा गो सेवा करने से हो सकता है उससे भी अधिक फल की प्राप्ति श्रीमद्भागवत कथा की श्रवण से हो सकती है। कथा के बाद आरती हुई तथा प्रसाद वितरण हुआ। मंदिर कमेटी के प्रताप चंद्र सेठ, हरिओम अग्रवाल, शांतनु रोहतगी व संजीव औतार अग्रवाल का सहयोग रहा।