{"_id":"5d11288e8ebc3e2b022c30b1","slug":"15614055658-bareilly-news87","type":"story","status":"publish","title_hn":"लेट होने पर गैरहाजिर हुए तो मांगा सामूहिक अवकाश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लेट होने पर गैरहाजिर हुए तो मांगा सामूहिक अवकाश
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। बारिश की वजह से लेट होने पर सोमवार को डीआईओएस कार्यालय के कर्मचारियों को अफसरों ने गैर हाजिर कर दिया। इस पर उन लोगों ने सामूहिक अवकाश की मांग की। अधिकारियों ने मना किया तो कार्यालय में हंगामे की स्थिति बनी। मगर बाद में सभी अवकाश का प्रार्थना पत्र सौंपकर शांत हो गए। सोमवार को सुबह से ही बारिश होने के चलते 70 फीसदी कर्मचारी समय से कार्यालय नहीं पहुंचे। इसके चलते उनकी गैर हाजिरी लगा दी गई। काफी देर बाद पहुंचे कर्मचारियों ने कार्रवाई के विरोध में सामूहिक अवकाश का प्रार्थना पत्र थमा दिया। इस पर अफसरों ने इन्हें समय पर आने की चेतावनी देकर हस्ताक्षर करने की अनुमति दी। यह प्रकरण दिनभर कार्यालय में चर्चा का विषय बना रहा।
65 वर्ष हो शिक्षकों की सेवानिवृत्त की आयु
बरेली। भाजपा शिक्षक प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष महेश चंद्र पांडेय ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर शिक्षकों की सेवानिवृत्त की आयु 62 के बजाय 65 वर्ष करने की मांग की है। उनका कहना है कि उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ आदि राज्यों में माध्यमिक और डिग्री कॉलेजों के शिक्षकों की सेवानिवृत्ति 65 वर्ष में होती है। कॉलेजों में शिक्षकों की कमी को दूर करने के लिए शासन के निर्देश पर मानदेय पर सेवानिवृत्त शिक्षकों को रखा जा रहा है। इस विसंगति को दूर करने के लिए सेवानिवृत्ति की आयु 65 वर्ष करनी चाहिए।
विज्ञापन
65 वर्ष हो शिक्षकों की सेवानिवृत्त की आयु
बरेली। भाजपा शिक्षक प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष महेश चंद्र पांडेय ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर शिक्षकों की सेवानिवृत्त की आयु 62 के बजाय 65 वर्ष करने की मांग की है। उनका कहना है कि उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ आदि राज्यों में माध्यमिक और डिग्री कॉलेजों के शिक्षकों की सेवानिवृत्ति 65 वर्ष में होती है। कॉलेजों में शिक्षकों की कमी को दूर करने के लिए शासन के निर्देश पर मानदेय पर सेवानिवृत्त शिक्षकों को रखा जा रहा है। इस विसंगति को दूर करने के लिए सेवानिवृत्ति की आयु 65 वर्ष करनी चाहिए।
विज्ञापन