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Barabanki News: बाहर से मंगाई जाती हैं दवाएं और सीरिंज

Sun, 12 Jan 2025 07:56 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी Updated Sun, 12 Jan 2025 07:56 AM IST
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Medicines and syringes are brought from outside
जिला अस्पताल की ओपीडी में शनिवार को दवाएं वितरित करवाते चिकित्साधीक्षक डॉ. राजेश कुशवाहा।  -संव
बाराबंकी। जिला अस्पताल से लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर आने वाले मरीजों को बाहर से दवाएं लिखी जाती हैं। यहीं नहीं मरीजों से सीरिंज तक बाहर से मंगाई जाती है। सबसे मजेदार बात तो यह कि सौ बेड का संयुक्त चिकित्सालय होने के बाद भी मरीजों का अल्ट्रासाउंड तक बाहर से कराया जाता है। जिम्मेदार इसे न तो गंभीरता से ले रहे हैं और न ही ऐसा करने वालों के खिलाफ कोई कार्रवाई ही कर रहे हैं।
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शनिवार को जिला अस्पताल पहुंचे रामफल ने बताया कि पेटदर्द की शिकायत पर चिकित्सक ने 400 रुपये की दवाएं बाहर से लिखीं और बिना जांच के लौट गए। केसरी ने बताया कि डॉक्टर ने देख तो लिया परंतु जांच नहीं हो सकी। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश कुशवाहा ने बताया कि बाहर से दवाएं लिखने पर पूरी तरह से रोक है।
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यहीं नहीं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दरियाबाद में दवा लेने आईं सैदुलनिशा ने बताया कि डॉक्टर ने बुखार की शिकायत पर करीब 355 रुपये की दवाएं लिखीं लेकिन रकम न होने के कारण दवाएं नहीं लीं जबकि दावा किया जा रहा है कि अस्पताल में दवाएं पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। यहीं नहीं सीएचसी सतरिख में तो मरीजों से सीरिंज तक बाहर से मंगाई जा रही है। एसीएमओ डॉ. डीके श्रीवास्तव ने बताया कि अस्पतालों में पर्याप्त दवाएं हैं, बाहर से लिखने पर जांच कराई जाएगी।
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बाहर से कराए जाते हैं अल्ट्रासाउंड
सौ बेड के संयुक्त चिकित्सालय सिरौलीगौसपुर में अल्ट्रासाउंड मशीन नहीं है। यहीं नहीं कर्मियों की कमी की वजह से जांचें भी नहीं हो पा रही हैं। सीएमएस डॉ. नीलम गुप्ता ने बताया कि जांच के लिए कर्मचारियों की भारी कमी है। इसके लिए कई बार संबंधित को पत्र भी लिखा गया है। अल्ट्रासाउंड मशीन के लिए भी शासन को पत्र लिखा गया है।



डेढ़ घंटे ज्यादा चली ओपीडी
माह का द्वितीय शनिवार होने की वजह से अस्पताल 12 बजे तक ही था परंतु मरीजों की भीड़ ज्यादा थी। इस दौरान करीब 1100 मरीज ओपीडी में पहुंचे। मरीजों को लौटना न पड़े, इसके लिए प्रभारी सीएमएस डॉ. राजेश कुशवाहा ने सभी चिकित्सकों को डेढ़ बजे तक अस्पताल में रुक कर मरीज देखने के निर्देश दिए। यहीं नहीं औषधि वितरण कक्ष पहुंचे कर्मियों से भी पूरा सहयोग करने को कहा। शनिवार को करीब डेढ़ बजे तक ओपीडी में मरीज देखे गए।

पुवायां के गांव भटपुरा चंदू निवासी शिवम अपने पुत्रों के साथ। संवाद

पुवायां के गांव भटपुरा चंदू निवासी शिवम अपने पुत्रों के साथ। संवाद

पुवायां के गांव भटपुरा चंदू निवासी शिवम अपने पुत्रों के साथ। संवाद

पुवायां के गांव भटपुरा चंदू निवासी शिवम अपने पुत्रों के साथ। संवाद

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