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Barabanki News: निर्धारित समय के बाद भी आईटीआई भवन अधूरे
Wed, 26 Mar 2025 01:35 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Wed, 26 Mar 2025 01:35 AM IST
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रामसनेहीघाट के करौंधिया में निर्माणाधीन आईटीआई बनीकोडर।
रामसनेहीघाट (बाराबंकी)। बनीकोडर के करौंधिया में 4.98 करोड़ की लागत से बन रही राजकीय आईटीआई का निर्माण निर्धारित समय बीत जाने के बाद भी पूरा नहीं हो सका है। इसका 10 साल पहले निर्माण कार्य शुरू हुआ था। कार्य में लापरवाही बरतने पर कार्यदायी संस्था के खिलाफ हुई कार्रवाई के बाद से निर्माण कार्य बंद पड़ा है।
निर्माण कार्य शुरू न होने के कारण जो भवन बना हुआ है वह देखरेख के अभाव में खंडहर होता जा रहा है। यहां बड़ी-बड़ी झाड़ियां व चारों तरफ घास उगी हैं। खिड़की, दरवाजे नहीं लगे हैं, भवन में प्लास्टर भी नहीं हुआ है। वहीं, वर्कशाॅप की छत का निर्माण भी नहीं हुआ है। बनीकोडर क्षेत्र के प्रशिक्षार्थियों को यहां से 50 किमी दूर जहांगीराबाद स्थित आईटीआई में प्रशिक्षण के लिए जाना पड़ता है। खाद्य एवं रसद राज्यमंत्री सतीश चंद्र शर्मा ने निरीक्षण भी किया था। इसके बावजूद अभी तक कार्य शुरू नहीं हो सका है।
इसी प्रकार सिरौलीगौसपुर में राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के निर्माण की मंजूरी 2013 में मिली थी। इसके लिए 4.98 करोड़ रुपये मंजूर किए गए थे। कार्य शुरू होने के कुछ दिन बाद ही बंद कर दिया गया। निर्माण कार्य 2018 में ही पूरा हो जाना चाहिए था, लेकिन अभी तक निर्माण कार्य अधूरा है। इसके बाद भी आईटीआई में दाखिला लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई। जिन छात्रों का प्रवेश लिया गया उन्हें 50 किमी दूर आईटीआई महुआमऊ भेज दिया गया। डीएम ने दोबारा कार्य शुरू करने के निर्देश भी दिए थे लेकिन आज तक शुरू नहीं हो सका है।
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आईटीआई बनीकोडर और सिरौलीगौसपुर के निर्माण का कार्य अब तक पूरा क्यों नहीं हुआ, इसकी जांच की जाएगी। पूरे प्रकरण को जिलाधिकारी के समक्ष रखा जाएगा। जो निर्णय होगा उसी के आधार पर कार्य किया जाएगा।
- अरुण कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी
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निर्माण कार्य शुरू न होने के कारण जो भवन बना हुआ है वह देखरेख के अभाव में खंडहर होता जा रहा है। यहां बड़ी-बड़ी झाड़ियां व चारों तरफ घास उगी हैं। खिड़की, दरवाजे नहीं लगे हैं, भवन में प्लास्टर भी नहीं हुआ है। वहीं, वर्कशाॅप की छत का निर्माण भी नहीं हुआ है। बनीकोडर क्षेत्र के प्रशिक्षार्थियों को यहां से 50 किमी दूर जहांगीराबाद स्थित आईटीआई में प्रशिक्षण के लिए जाना पड़ता है। खाद्य एवं रसद राज्यमंत्री सतीश चंद्र शर्मा ने निरीक्षण भी किया था। इसके बावजूद अभी तक कार्य शुरू नहीं हो सका है।
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इसी प्रकार सिरौलीगौसपुर में राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के निर्माण की मंजूरी 2013 में मिली थी। इसके लिए 4.98 करोड़ रुपये मंजूर किए गए थे। कार्य शुरू होने के कुछ दिन बाद ही बंद कर दिया गया। निर्माण कार्य 2018 में ही पूरा हो जाना चाहिए था, लेकिन अभी तक निर्माण कार्य अधूरा है। इसके बाद भी आईटीआई में दाखिला लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई। जिन छात्रों का प्रवेश लिया गया उन्हें 50 किमी दूर आईटीआई महुआमऊ भेज दिया गया। डीएम ने दोबारा कार्य शुरू करने के निर्देश भी दिए थे लेकिन आज तक शुरू नहीं हो सका है।
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आईटीआई बनीकोडर और सिरौलीगौसपुर के निर्माण का कार्य अब तक पूरा क्यों नहीं हुआ, इसकी जांच की जाएगी। पूरे प्रकरण को जिलाधिकारी के समक्ष रखा जाएगा। जो निर्णय होगा उसी के आधार पर कार्य किया जाएगा।
- अरुण कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी