व्यापारी की हत्या
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फतेहपुर (बाराबंकी)। फतेहपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी एक व्यापारी की हत्या कर शव रेलवे ट्रैक के किनारे फेंक दिया गया। व्यापारी बीते गुरुवार सुबह से लापता था। मृतक के हाथ व पैर बांधकर शव फेंका गया है। शुक्रवार सुबह इस वारदात की जानकारी मिलने पर पुलिस ने मामले की जांच पड़ताल शुरू की और शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा। अभी हत्यारोपियों व हत्या का कारण पता नहीं लग सका है। परिवारीजनों व्यापारी की हत्या के मामले में अज्ञात लोगों पर शक जता रहे है। अभी पुलिस ने किसी के खिलाफ कोई रिपोर्ट दर्ज नहीं की है।
कोतवाली फतेहपुर क्षेत्र के ग्राम सरैय्या मजरे मंझगवा निवासी रामू मौर्या (38) पुत्र दिनेश चंद्र मौर्या की क्षेत्र में ही बिलौली चौराहे पर बीज भंडार व मिठाई की दुकान है। पुलिस के मुताबिक रामू मौर्या गुरुवार सुबह अपनी दुकान पर पहुंचे और अपने कर्मचारियों को बताया था कि किसी काम से बाराबंकी जा रहे हैं। देर रात तक जब रामू घर वापस नहीं लौटे तो परिवारीजनों ने उनकी तलाश शुरू करने के साथ ही पुलिस को मामले की जानकारी दी जिसके बाद शुक्रवार सुबह फतेहपुर क्षेत्र में ही बुढवल रेलमार्ग पर सुघरा गांव के पास रामू मौर्या का शव पड़ा मिला। सुबह के समय खेत की ओर जा रहे ग्रामीणों ने जब देखा तो शव के हाथ व पैर रस्सी से बंधे हुए थे व उसके शरीर में कई जगह चोट के निशान थे। इन बातों से यह साफ है कि व्यापारी की पहले जमकर पिटाई की गई है उसके बाद उसकी हत्या हुई है। वारदात का पता लगने पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू करने के साथ ही शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
15 दिन पहले हुआ था रामू का अपहरण
हत्या कर मारे गए व्यापारी रामू मौर्या के भाई पिंटू ने बताया कि करीब 15 दिन पहले रामू को कार सवार कुछ लोगों ने अगवा किया था। बताया कि अपहरणकर्ताओं के चुंगल से छूटकर कुछ ही देर मेें रामू घर आ गए थे और मामले मेें पुलिस को भी नहीं बताया गया था। उस समय रामू ने बताया था कि अपहरण करने वाले लोग चेहरे पर कपड़ा बांधे थे जिससे उनकी पहचान नहीं हो सकी। अब व्यापारी की हत्या के बाद भी पुलिस उन लोगों के बारे में पता कर रही है जिन्होंने रामू का अपहरण किया था। मृतक के परिवारीजनों के मुताबिक रामू बहुत सरल स्वभाव के थे और उनकी किसी से भी कोई दुश्मनी नहीं थी।
कहीं लूट के बाद तो नहीं हुई व्यापारी की हत्या
व्यापारी रामू हत्याकांड में उसके साथ लूट होने की वारदात से भी इंकार नहीं किया जा सकता है। अपनी दुकान से निकले व्यापारी के पास कुछ रुपये भी थे पर इस बारे में किसी को कुछ पता नहीं है। वहीं पुलिस व्यापारी के करीबियों की भी पड़ताल कर इस वारदात से पर्दा उठाने का प्रयास कर रही है।
पुलिस अधिकारियों ने लिया जायजा
वारदात के बाद मौके पर पहुंचे कोतवाल डीसी मिश्रा व सीओ दिनेश सिंह ने जांच पड़ताल की। कोतवाल ने बताया कि इस मामले मेें परिवारीजनों ने अभी तक पुलिस से किसी के खिलाफ कोई शिकायत नहीं की है। कहा मौत का कारण पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही पता लग सकेगा। कोतवाल ने कहा मामले में छानबीन की जा रही है जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई होगी।