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सिंचाई सचिव भी नहीं घुस पाए तहसील में

Tue, 19 Nov 2013 05:41 AM IST
Barabanki
Barabanki Updated Tue, 19 Nov 2013 05:41 AM IST
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बाराबंकी। राज्य कर्मियों की हड़ताल मुखर होती जा रही है। कर्मचारियों के समर्थन में अन्य संगठनों के आ जाने से कर्मियों के तेवर तीखे हो गए हैं। सोमवार को इसका सामना सिंचाई सचिव सुरेश चंद्रा को भी करना पड़ा। कर्मचारियों के विरोध के चलते वह तहसील और ब्लॉक कार्यालय का निरीक्षण नहीं कर सके। सिंचाई सचिव जैसे ही तहसील कार्यालय के गेट पर पहुंचे, तभी विरोध कर रहे कर्मचारियों ने गेट बंद कर दिया। सचिव ने डीआरडीए में अधिकारियों के साथ बैठक कर योजनाओं की समीक्षा की। इसके बाद सीएचसी कोठी पहुंचे और वहां का जायजा लिया। लोहिया गांव कोटवा में चौपाल लगाकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं तथा अधिकारियों को उनके निराकरण के निर्देश देकर वापस लौट गए।
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सिंचाई सचिव सुरेश चंद्रा का सोमवार को जिला भ्रमण कार्यक्रम था। इस दौरान तहसील कार्यालय और बंकी ब्लॉक का निरीक्षण करना था। इसकी भनक लगते ही हड़ताली राज्य कर्मचारियों के तेवर तीखे हो गए। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष प्रमोद कुमार सिंह और सचिव राजेश कुमार तिवारी के नेतृत्व में सैकड़ों कर्मचारी तहसील पहुंच गए और धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसी बीच जानकारी मिली कि सिंचाई सचिव तहसील परिसर का निरीक्षण करने पहुंच रहे हैं, वैसे ही कर्मचारी गेट पर पहुंच गए। इससे पहले सचिव गेट में प्रवेश करते, कर्मचारियों ने गेट बंद कर ताला डाल दिया, जिससे उन्हें वापस लौटना पड़ा। मांगों को लेकर विरोध कर रहे राज्य कर्मचारियों ने उग्र तेवर दिखाते हुए बंकी ब्लॉक कार्यालय का ताला बंद कर दिया और कर्मचारी गेट के सामने जमीन पर लेट गए। अध्यक्ष ने कहा कि कर्मचारियों की मांगें जब तक नहीं मानी जाएंगी, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। इससे फरियादियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस मौके पर रामधन मुखर्जी, सहदेव वर्मा, राधेश्याम वर्मा, केके अवस्थी, कमलेश शुक्ला, सुनील शुक्ला, इमरान अहमद, मनोज दीक्षित आदि मौजूद रहे।
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सीएचसी पर एक्स-रे मशीन लगवाने के निर्देश
सिद्धौर। सिंचाई सचिव ने सबसे पहले सीएचसी कोठी का निरीक्षण किया। इस दौरान पाया कि निर्माणाधीन भवन का प्लास्टर उखड़ रहा था। इस पर डीएम को कार्यदाई संस्था से भवन की मरम्मत कराने का आदेश दिया। उन्होंने पूछा, सीएचसी पर एक्स-रे मशीन हैं, जवाब मिला नहीं। इस पर बोले कि सीएचसी पर एक्स-रे मशीन क्यों नहीं। सीएमओ को एक्स-रे मशीन लगवाने के निर्देश दिए। सचिव ने पूछा कि प्रसव कराने की सुविधा है, जवाब मिला प्रसव की सुविधा है, लेकिन जेएसवाई की चेक लेने के लिए 18 किमी दूर सिद्धौर जाना पड़ता है। बताया गया कि सीएचसी होने के बावजूद इसका संचालन सिद्धौर पीएचसी से किया जाता है। इस पर नाराजगी जताते हुए डीएम और सीएमओ को व्यवस्था में सुधार के निर्देश दिए। इसके बाद कोटवा गांव पहुंचे सिंचाई सचिव ने गांव में चौपाल लगाकर लोगों की समस्याएं सुनीं। ग्रामीणों ने बताया कि साधन सहकारी समिति बिबियापुर से खाद नहीं दी जा रही है। इस पर एआर कोऑपरेटिव को तलब कर खाद उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। धान खरीद की जानकारी पर बताया गया कि कोठी और सिद्धौर में धान खरीद केंद्र तो खोले गए हैं, लेकिन धान की खरीद नहीं की जा रही है। इस पर एसडीएम को जांच कर धान खरीद शुरू कराने के निर्देश दिए।
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