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बांदा: अपहृत बालक को सकुशल बचाया
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बालक को अगवा करने वाले गिरफ्तार आरोपी पुलिस अभिरक्षा में।
- फोटो : BANDA
बांदा। शहर के कालूकुआं स्थित मैरिज हाल परिसर से शनिवार की शाम फिरौती वसूलने के लिए अपहृत 10 वर्षीय बालक को पुलिस ने दूसरे दिन सकुशल बचा लिया। इस मामले में पिता-पुत्र सहित चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार मुख्य आरोपी बालक के मकान का किरायेदार है।
सोमवार को अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र प्रताप चौहान ने पुलिस लाइन सभागार में मीडिया को बताया कि राकेश राजपूत के पुत्र आलोक राजपूत के अपहरण के बाद 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई थी। इसकी सूचना मिलते ही एसपी के निर्देश पर पुलिस और एसओजी ने बालक की बरामदगी के लिए दिन-रात कवायदें शुरू कर दीं।
बताया कि कोतवाली प्रभारी दिनेश सिंह ने फोर्स के साथ चेकिंग के दौरान नरैनी कोतवाली क्षेत्र के जमवारा गांव चौराहे के पास रविवार को शाम बाइक पर जा रहे संदिग्ध लोगों को रोक लिया। इनके पास कंबल ओढ़ाकर बाइक पर बैठाया गया अपहृत आलोक भी था। बाइक सवारों को गिरफ्तार कर लिया गया।
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अपर एसपी ने बताया कि अपहरणकर्ता बालक को बाइक पर बैठाकर अजयगढ़ ले गए थे। अपहरणकर्ताओं ने बताया कि बालक को बहला-फुसलाकर बाइक पर कंबल ओढ़ाकर रातोंरात ले गए थे। अगले दिन फोन पर बालक के पिता से 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। पुलिस सक्रियता न दिखाती तो बालक की हत्या कर सकते थे।
गिरफ्तार किए अभियुक्तों में दीपचंद्र पुत्र धरमपाल (बिलगांव, बिसंडा), रवींद्र कुमार कुशवाहा पुत्र रतनलाल कुशवाहा (करहिया, हमीरपुर), तीरथराम कुशवाहा पुत्र रामकृपाल कुशवाहा (बिलगांव) और उसका पुत्र मनीष पुत्र तीरथराम कुशवाहा (बिलगांव) शामिल हैं।
गिरफ्तारी टीम में कोतवाल दिनेश सिंह सहित इंसपेक्टर एसओजी आनंद कुमार सिंह, एसआई मयंक चंदेल, कौशल सिंह व चंद्रपाल सिंह सहित एक दर्जन कांस्टेबल शामिल रहे। पुलिस अधीक्षक ने इस पुलिस टीम को 25 हजार रुपये का पुरस्कार दिया है।
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सोमवार को अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र प्रताप चौहान ने पुलिस लाइन सभागार में मीडिया को बताया कि राकेश राजपूत के पुत्र आलोक राजपूत के अपहरण के बाद 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई थी। इसकी सूचना मिलते ही एसपी के निर्देश पर पुलिस और एसओजी ने बालक की बरामदगी के लिए दिन-रात कवायदें शुरू कर दीं।
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बताया कि कोतवाली प्रभारी दिनेश सिंह ने फोर्स के साथ चेकिंग के दौरान नरैनी कोतवाली क्षेत्र के जमवारा गांव चौराहे के पास रविवार को शाम बाइक पर जा रहे संदिग्ध लोगों को रोक लिया। इनके पास कंबल ओढ़ाकर बाइक पर बैठाया गया अपहृत आलोक भी था। बाइक सवारों को गिरफ्तार कर लिया गया।
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अपर एसपी ने बताया कि अपहरणकर्ता बालक को बाइक पर बैठाकर अजयगढ़ ले गए थे। अपहरणकर्ताओं ने बताया कि बालक को बहला-फुसलाकर बाइक पर कंबल ओढ़ाकर रातोंरात ले गए थे। अगले दिन फोन पर बालक के पिता से 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। पुलिस सक्रियता न दिखाती तो बालक की हत्या कर सकते थे।
गिरफ्तार किए अभियुक्तों में दीपचंद्र पुत्र धरमपाल (बिलगांव, बिसंडा), रवींद्र कुमार कुशवाहा पुत्र रतनलाल कुशवाहा (करहिया, हमीरपुर), तीरथराम कुशवाहा पुत्र रामकृपाल कुशवाहा (बिलगांव) और उसका पुत्र मनीष पुत्र तीरथराम कुशवाहा (बिलगांव) शामिल हैं।
गिरफ्तारी टीम में कोतवाल दिनेश सिंह सहित इंसपेक्टर एसओजी आनंद कुमार सिंह, एसआई मयंक चंदेल, कौशल सिंह व चंद्रपाल सिंह सहित एक दर्जन कांस्टेबल शामिल रहे। पुलिस अधीक्षक ने इस पुलिस टीम को 25 हजार रुपये का पुरस्कार दिया है।