{"_id":"6aaad73693f8f1527e0a2507","slug":"police-arrived-in-hamirpur-to-verify-the-facts-regarding-the-business-operations-of-om-medical-banda-news-c-12-1-jhs1001-1653032-2026-09-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Banda News: ओम मेडिकल के कारोबार की हकीकत जांचने हमीरपुर पहुंची पुलिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Banda News: ओम मेडिकल के कारोबार की हकीकत जांचने हमीरपुर पहुंची पुलिस
Wed, 16 Sep 2026 11:21 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
Updated Wed, 16 Sep 2026 11:21 PM IST
विज्ञापन
बांदा। कोडीनयुक्त सिरप के काले कारोबार की जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस टीम बुधवार को हमीरपुर रवाना हो गई।
टीम टेढ़ा स्थित मुख्य आरोपी प्रियांशु गुप्ता उर्फ किशन के बहनोई रवींद्र गुप्ता की ओम मेडिकल एजेंसी की जांच करने की तैयारी में है। टीम फिलहाल वहीं रुकी है।
फर्म के नाम पर कोडीनयुक्त सिरप का कारोबार चल रहा था। पुलिस फर्म के नाम पर हुए कारोबार, दवाओं की खरीद-फरोख्त और रुपयों के लेन-देन की तह तक जाने के तैयारी में है। इससे अवैध कारोबार के नेटवर्क से जुड़े कई सवालों के जवाब मिलने की उम्मीद है।
हमीरपुर में पुलिस टीम यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि ओम मेडिकल एजेंसी के जरिए किन-किन लोगों से कारोबार किया गया है। फर्म के नाम पर कौन-कौन सी दवाएं मंगाई गईं और उनका वितरण कहां हुआ है।
विज्ञापन
इसके अलावा कारोबार में हुए रुपयों के लेन-देन और संबंधित अभिलेखों की भी पड़ताल होगी। पुलिस कारोबार में प्रयोग की गई अन्य फर्मों की भी व्यापक जांच कर रही है। जांच का उद्देश्य सिरप के कारोबार से जुड़े लोगों और उसके पूरे नेटवर्क का भंडाफोड़ करना है।
पुलिस ने सिरप कारोबार में शामिल चार प्रमुख आरोपियों प्रियांशु गुप्ता, रोहित पांडेय, प्रवीण गुप्ता और एक अन्य आरोपी के नंबरों की जांच कर पांच नए मोबाइल नंबरों को संदिग्ध पाया है। इन पांच नंबरों से चारों आरोपी बातचीत कर रहे थे।
पुलिस इन नंबरों की भी हिस्ट्री निकाल रही है जिससे जांच को दिशा मिल सके। इसके साथ ही पुलिस आरोपियों के मनी ट्रेल पर भी जांच कर रही है जिससे रुपयों के लेन-देन का भी खुलासा हो सके।
विज्ञापन
टीम टेढ़ा स्थित मुख्य आरोपी प्रियांशु गुप्ता उर्फ किशन के बहनोई रवींद्र गुप्ता की ओम मेडिकल एजेंसी की जांच करने की तैयारी में है। टीम फिलहाल वहीं रुकी है।
फर्म के नाम पर कोडीनयुक्त सिरप का कारोबार चल रहा था। पुलिस फर्म के नाम पर हुए कारोबार, दवाओं की खरीद-फरोख्त और रुपयों के लेन-देन की तह तक जाने के तैयारी में है। इससे अवैध कारोबार के नेटवर्क से जुड़े कई सवालों के जवाब मिलने की उम्मीद है।
विज्ञापन
हमीरपुर में पुलिस टीम यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि ओम मेडिकल एजेंसी के जरिए किन-किन लोगों से कारोबार किया गया है। फर्म के नाम पर कौन-कौन सी दवाएं मंगाई गईं और उनका वितरण कहां हुआ है।
विज्ञापन
इसके अलावा कारोबार में हुए रुपयों के लेन-देन और संबंधित अभिलेखों की भी पड़ताल होगी। पुलिस कारोबार में प्रयोग की गई अन्य फर्मों की भी व्यापक जांच कर रही है। जांच का उद्देश्य सिरप के कारोबार से जुड़े लोगों और उसके पूरे नेटवर्क का भंडाफोड़ करना है।
पुलिस ने सिरप कारोबार में शामिल चार प्रमुख आरोपियों प्रियांशु गुप्ता, रोहित पांडेय, प्रवीण गुप्ता और एक अन्य आरोपी के नंबरों की जांच कर पांच नए मोबाइल नंबरों को संदिग्ध पाया है। इन पांच नंबरों से चारों आरोपी बातचीत कर रहे थे।
पुलिस इन नंबरों की भी हिस्ट्री निकाल रही है जिससे जांच को दिशा मिल सके। इसके साथ ही पुलिस आरोपियों के मनी ट्रेल पर भी जांच कर रही है जिससे रुपयों के लेन-देन का भी खुलासा हो सके।