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ओवरलोडिंग चरम पर, चुप्पी साधे हैं अफसर
Sat, 05 Jan 2019 11:45 PM IST
ASIF ASIF
अमर उजाला ब्यूरो, बांदा
अमर उजाला ब्यूरो, बांदा
Published by: ASIF ASIF
Updated Sat, 05 Jan 2019 11:45 PM IST
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गिरवां थाना क्षेत्र में बालू के ओवरलोड ट्रकों का काफिला।
- फोटो : अमर उजाला
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पुलिस की ढील और खनिज विभाग की खामोशी के चलते एक बार फिर बालू के ट्रकों की ओवरलोडिंग चरम पर है। दिन-रात ओवरलोड ट्रकों का काफिला गुजर रहा है। स्योढ़ा निहालपुर खदान से गिरवां थाना के पिछवाड़े तक खनन और ओवरलोडिंग का खेल चल रहा है। स्थानीय राजस्व और पुलिस विभाग के अधिकारी खामोश हैं। ओवरलोडिंग से धार्मिक स्थल विंध्यवासिनी देवी की सड़क भी ध्वस्त हो रही है।
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उधर, पैलानी तहसील व थाना क्षेत्र के किसानों ने शनिवार को सामूहिक हस्ताक्षरों से एसडीएम पैलानी को दिए ज्ञापन में कहा कि उनकी जमीनों से जबरन और दबंगई पूर्वक बालू के ट्रक निकाले जा रहे हैं। खदान संचालक पड़ोसी जनपद के रहने वाले दबंग हैं। विरोध करने पर असलहों से दहशत फैलाते हैं। ट्रकों की धमाचौकड़ी से बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है। ज्ञापन देने वालों में अमलोर गांव के भगवानदीन सिंह, रामबली सिंह, देवेंद्र सिंह, सुखदेव सिंह, अभय सिंह आदि शामिल हैं। उधर, सांड़ासानी गांव निवासी विषु करन पुत्र कमतू ने डीएम को दी अर्जी में कहा है कि खैरेई गांव में उसकी जमीन व खेत से बालू खदान के ठेकेदार जबरन ट्रक निकालकर फसल नष्ट कर रहे हैं। जान से मारने की धमकी दी जा रही है।
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