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Banda News: गेहूं की सूखी बाली देकर मनमोहन सिंह को बताए थे सूखे के हालात
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बांदा। 30 अप्रैल 2011, दिन शनिवार। लोगों से खचाखच जीआईसी मैदान में तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह का उस समय सदर विधायक रहे विवेक सिंह ने गेहूं की सूखी बालियां सौंपकर स्वागत किया। यह दृश्य देखकर अनायास ही माहौल में सन्नाटा छा गया। विवेक सिंह ने उन्हें बुंदेलखंड के सूखे के हालात से अवगत कराया था।
तब सभा को संबोधित करते हुए मनमोहन सिंह ने बुंदेलखंड को दिए गए 7200 करोड़ के पैकेज को जल्द अमली जामा पहनाने की घोषणा की। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का यह बांदा का पहला और आखिरी दौरा था। कांग्रेस वर्ष 2012 में होने वाले प्रदेश के विधानसभा चुनाव के लिए तैयारी कर रही थी। इसी संदर्भ में विशाल रैली का आयोजन किया गया था। उस दौरान बुंदेलखंड का ज्यादातर हिस्सा सूखे की चपेट में था। रैली के संयोजक रहे विवेक सिंह ने सभा को संबोधित करते हुए कहा था कि बुंदेलखंड कपास और धान की खेती के लिए जाना जाता था, लेकिन पांच साल के सूखे ने यहां के किसानों की कमर तोड़ दी। किसानों को अपना गेहूं सरकार के घोषित समर्थन मूल्य की बजाय बिचौलियों को कम दामों पर बेचना पड़ रहा है। इसमें केंद्र भी बुंदेलखंड के साथ दोयम बर्ताव कर रही है।
मंच पर प्रधानमंत्री को सूखी बाली भेंटकर स्वागत किया। इससे सभास्थल पर मौजूद सभी लोग सन्न रह गए। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने दो साल पहले बुंदेलखंड क्षेत्र के लिए घोषित 7200 करोड़ रुपयों का पैकेज को अमली जामा पहनाने तथा राज्य सरकार से इस संबंध में बात करने का आश्वासन दिया। कहा कि बुंदेलखंड के किसान व युवा पलायन के लिए मजबूर हैं। ऐसे में वह राज्य सरकार के साथ मिलकर उनके हितार्थ कार्य करेंगे।
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तब सभा को संबोधित करते हुए मनमोहन सिंह ने बुंदेलखंड को दिए गए 7200 करोड़ के पैकेज को जल्द अमली जामा पहनाने की घोषणा की। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का यह बांदा का पहला और आखिरी दौरा था। कांग्रेस वर्ष 2012 में होने वाले प्रदेश के विधानसभा चुनाव के लिए तैयारी कर रही थी। इसी संदर्भ में विशाल रैली का आयोजन किया गया था। उस दौरान बुंदेलखंड का ज्यादातर हिस्सा सूखे की चपेट में था। रैली के संयोजक रहे विवेक सिंह ने सभा को संबोधित करते हुए कहा था कि बुंदेलखंड कपास और धान की खेती के लिए जाना जाता था, लेकिन पांच साल के सूखे ने यहां के किसानों की कमर तोड़ दी। किसानों को अपना गेहूं सरकार के घोषित समर्थन मूल्य की बजाय बिचौलियों को कम दामों पर बेचना पड़ रहा है। इसमें केंद्र भी बुंदेलखंड के साथ दोयम बर्ताव कर रही है।
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मंच पर प्रधानमंत्री को सूखी बाली भेंटकर स्वागत किया। इससे सभास्थल पर मौजूद सभी लोग सन्न रह गए। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने दो साल पहले बुंदेलखंड क्षेत्र के लिए घोषित 7200 करोड़ रुपयों का पैकेज को अमली जामा पहनाने तथा राज्य सरकार से इस संबंध में बात करने का आश्वासन दिया। कहा कि बुंदेलखंड के किसान व युवा पलायन के लिए मजबूर हैं। ऐसे में वह राज्य सरकार के साथ मिलकर उनके हितार्थ कार्य करेंगे।
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