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अपात्र को दी आवास की किस्त, रिकवरी के आदेश
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बांदा। प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) में चयनित महिला लाभार्थी का पैसा उसी नाम की दूसरी महिला को दे दिया गया। जांच के बाद महिला से रिकवरी किए जाने के आदेश परियोजना निदेशक (ग्राम्य विकास) ने खंड विकास अधिकारी महुआ को दिए हैं।
महुआ ब्लाक के सुखारी पुरवा (गुमाई) निवासी तुलसा देवी पत्नी रामस्वरूप ने डीएम को दिए शिकायती पत्र में कहा था कि योजना में उसके नाम आवास स्वीकृत हुआ था, लेकिन 40 हजार रुपये की पहली किस्त गांव की तुलसा पत्नी राजबहादुर को भेज दी गई। आरोप लगाया कि प्रधान और सचिव की मिलीभगत से यह घपला हुआ।
डीएम के आदेश पर परियोजना निदेशक (ग्राम्य विकास) हुबलाल ने जांच की। उन्होंने जांच रिपोर्ट में कहा है कि तुलसा पत्नी राजबहादुर का पक्का मकान गांव में है। 40 हजार की दूसरे लाभार्थी की मिली किस्त से उसने खेत में पक्का कमरा बनवा लिया है। उन्होंने खंड विकास अधिकारी महुआ को निर्देश दिए हैं कि दी गई पहली किस्त की राशि वसूलकर पात्र तुलसा पत्नी रामस्वरूप को दी जाए। परियोजना निदेशक ने डीपीआरओ को पत्र भेजकर सचिव के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने के लिए कहा है।
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महुआ ब्लाक के सुखारी पुरवा (गुमाई) निवासी तुलसा देवी पत्नी रामस्वरूप ने डीएम को दिए शिकायती पत्र में कहा था कि योजना में उसके नाम आवास स्वीकृत हुआ था, लेकिन 40 हजार रुपये की पहली किस्त गांव की तुलसा पत्नी राजबहादुर को भेज दी गई। आरोप लगाया कि प्रधान और सचिव की मिलीभगत से यह घपला हुआ।
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डीएम के आदेश पर परियोजना निदेशक (ग्राम्य विकास) हुबलाल ने जांच की। उन्होंने जांच रिपोर्ट में कहा है कि तुलसा पत्नी राजबहादुर का पक्का मकान गांव में है। 40 हजार की दूसरे लाभार्थी की मिली किस्त से उसने खेत में पक्का कमरा बनवा लिया है। उन्होंने खंड विकास अधिकारी महुआ को निर्देश दिए हैं कि दी गई पहली किस्त की राशि वसूलकर पात्र तुलसा पत्नी रामस्वरूप को दी जाए। परियोजना निदेशक ने डीपीआरओ को पत्र भेजकर सचिव के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने के लिए कहा है।
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