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मंत्री के निरीक्षण में भी गंदा मिला अस्पताल

Fri, 03 Jul 2020 11:42 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 03 Jul 2020 11:42 PM IST
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Hospital found dirty even under the inspection of minister
जिला अस्पताल के निरीक्षण में सीएमएस से जानकारी लेते मंत्री जय प्रताप सिंह। - फोटो : BANDA
बांदा। चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जय प्रताप सिंह ने जिला अस्पताल का निरीक्षण किया। मरीजों से बातचीत की और समस्याएं देखीं। वार्डों में पंखे न चलने और गंदगी पर नाराजगी जताई। 200 बेड के निर्माणाधीन मंडलीय अस्पताल के लिए शेष 15 करोड़ बजट शीघ्र जारी करने का आश्वासन दिया।
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मंत्री का काफिला शुक्रवार को लगभग 3 बजे जिला अस्पताल पहुंचा। उनके भ्रमण की सूचना पूर्व में मिलने पर ट्रामा सेंटर से लेकर वार्ड में काफी हद तक सफाई थी, लेकिन परिसर में जगह-जगह पान/गुटका की पीक साफ नहीं हो सकी। मंत्री ने गंदगी पर सीएमएस और प्रबंधक से नाराजगी जताई। महिला वार्ड में पंखे बंद होने पर मरीजों ने गर्मी की शिकायत की। इस पर मंत्री ने फटकार लगाते हुए तुरंत नया पंखा लगाने के निर्देश दिए।
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साथ ही बंद एसी और कूलरों की मरम्मत करने को कहा। नए भवन में संचालित एनआरसी सेंटर में भर्ती कुपोषित बच्चों की माताओं से आहार के बारे में पूछा। मेन्यू के शेड्यूल की भी जानकारी ली। सीएमएस डॉ. एसएन मिश्र ने 200 बेड के निर्माणाधीन मंडलीय अस्पताल और जिला अस्पताल में पानी के लिए 10 करोड़ लागत की योजना के पूरा न होने पर बजट का अभाव बताया। इस पर मंत्री ने दोनों ही कामों के लिए शीघ्र बजट का भरोसा दिया। निरीक्षण में सांसद आरके सिंह पटेल, विधायक प्रकाश द्विवेदी, जिलाध्यक्ष रामकेश निषाद सहित सीएमओ डॉ. संतोष कुमार, डॉ. एसडी त्रिपाठी, डॉ. विनीत सचान, डॉ. टीआर सरसैय्या, डॉ. हृदयेश पटेल आदि मौजूद रहे।
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सांसद, विधायक ने खोली सीएमओ की पोल
बांदा। स्वास्थ्य मंत्री के निरीक्षण में सांसद आरके सिंह पटेल ने सीएमओ डॉ. संतोष कुमार की जमकर पोल खोली। आरोप लगाया कि डाक्टरों के ट्रांसफर/पोस्टिंग आदि में वसूली की जा रही है। सांसद ने उदाहरण दिया कि जसपुरा सीएचसी के एक डाक्टर को हटाकर उसके स्थान पर दूसरे को नियुक्त करने के लिए डेढ़ लाख रुपये लिए गए। अधिकारी सरकार की छवि की धूमिल करने में तुले हैं।

विधायक प्रकाश द्विवेदी और जिलाध्यक्ष रामकेश निषाद ने तुरंत सीएमओ को हटाने की मांग की। जनप्रतिनिधियों के आरोपों की इन झड़ी के समय सीएमओ मौजूद रहे। सरेआम हो रही फजीहत पर मंत्री ने सांसद और विधायकों से कहा कि इस पर कहीं बैठकर बात करेंगे। साथ ही सीएमओ पर कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
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