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हेलमेट मुहिम में आगे आईं शिक्षण संस्थाएं
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
Updated Wed, 09 Dec 2015 11:17 PM IST
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बांदा। बाइक सवारों को हेलमेट पहनकर चलने को लेकर
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चलाई जा रही ‘अमर उजाला’ की मुहिम में शिक्षण संस्थाएं भी शामिल हो गई हैं।
राजकीय महिला महाविद्यालय ने बुधवार को इसकी शुरुआत की है। छात्राओं ने
हेलमेट लगाने का संकल्प लिया।
बुधवार को महाविद्यालय परिसर में कक्षाएं शुरू होने के पहले प्राचार्य प्रभा श्रीवास्तव ने सभी छात्राओं को इकट्ठा कर ‘अमर उजाला’ द्वारा चलाई जा रही हेलमेट लगाएं, जीवन बचाएं मुहिम के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर वाहन दुर्घटनाओं से होने वाली मौतों के आंकड़े बताते हुए कहा कि थोड़ी सी लापरवाही से तमाम लोग जान गवां देते हैं।
बाइक सवारों के दुर्घटनाग्रस्त होने पर हेडइंजरी बच गई तो जीवन बचने की पूरी संभावना रहती है। बिना हेलमेट लगाए सिर में चोट लगने से जान का खतरा बना रहता है।
छात्राओं को समझाया कि इसे कानूनी बाध्यता न समझें, बल्कि जीवन रक्षक उपकरण समझ कर बाइक या स्कूटी चलाते समय इस्तेमाल करें। बिना हेलमेट के दोपहिया वाहन कतई न चलाएं।
एनएसएस स्वयंसेवी छात्राओं को शिविर लगाते समय अन्य कार्यक्रमों के साथ शहर और गांवों में हेलमेट लगाने के प्रति जागरूकता अभियान चलाने को कहा।
बुधवार को महाविद्यालय परिसर में कक्षाएं शुरू होने के पहले प्राचार्य प्रभा श्रीवास्तव ने सभी छात्राओं को इकट्ठा कर ‘अमर उजाला’ द्वारा चलाई जा रही हेलमेट लगाएं, जीवन बचाएं मुहिम के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर वाहन दुर्घटनाओं से होने वाली मौतों के आंकड़े बताते हुए कहा कि थोड़ी सी लापरवाही से तमाम लोग जान गवां देते हैं।
बाइक सवारों के दुर्घटनाग्रस्त होने पर हेडइंजरी बच गई तो जीवन बचने की पूरी संभावना रहती है। बिना हेलमेट लगाए सिर में चोट लगने से जान का खतरा बना रहता है।
छात्राओं को समझाया कि इसे कानूनी बाध्यता न समझें, बल्कि जीवन रक्षक उपकरण समझ कर बाइक या स्कूटी चलाते समय इस्तेमाल करें। बिना हेलमेट के दोपहिया वाहन कतई न चलाएं।
एनएसएस स्वयंसेवी छात्राओं को शिविर लगाते समय अन्य कार्यक्रमों के साथ शहर और गांवों में हेलमेट लगाने के प्रति जागरूकता अभियान चलाने को कहा।